ऐसे लोग हैवान हैं, फांसी पर चढ़ा देना चाहिए
सतना। मासूम के साथ दुष्कर्म को लेकर जिले में आक्रोश है। लोग आरोपी को सख्त सजा की मांग कर रहे हैं। वे चाहते हैं कि इस मामले में तत्काल ट्रायल शुरू हो और आरोपी को फांसी दी जाए। इसको लेकर महिलओं ने भी अपनी राय बेबाकी से रखी। उन्होंने आरोपी को हैवान की संज्ञा दे दी। साथ ही मांग किया कि उसे फांसी की सजा दी जाए।
इस घटना से मैं स्तब्ध हूं। माँ हूँ, भय बना हुआ है। किसी के अंदर ऐसी हैवानियत कैसे आ सकती है? दोषी को तुरंत सजा मिलनी चाहिए, ताकि समाज में संदेश जाए, कोई अपराधी दुबारा हिमाकत न करे।
यशस्वी सिंह, सीए
जब इस घटना के बारे सुना, तो काफी व्यथित हुई। समाज कहां जा रहा है? बहु-बेटियां सुरक्षित नहीं है। सरकारें क्यों नहीं एेसा कानून बनाती कि दुष्कर्मी की रूह कांप जाए।
सुषमा मुनींद्र, साहित्यकार
बेटियों के साथ एेसी दुष्कर्म की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं। जल्द ही इनकी सुरक्षा के लिए प्रशासन और सरकारों को कड़े कदम उठाना चाहिए। आरोपी को तुरंत सजा दी जाए।
डॉ. शैला तिवारी, समाजसेवी
जब से इस घटना की जानकारी हुई है। एक पल को भी चैन नहीं है। दोषी को बीच चौराहे पर खड़ाकर फांसी पर लटका देना चाहिए। ऐसे आरोपियों को कभी माफ नहीं किया जा सकता।
डॉ. मनीषा सक्सेना, चित्रकार
पूरे देश में बच्चियों के साथ घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही हैं। एेसी विकृत मानसिकता वाले लोगों के लिए समाज में कोई जगह नहीं है। इनके लिए तुरंत ट्रायल बैठे और फांसी की सजा दी जाए।
मोनिका अवस्थी, बिजनेस वुमेन
शर्मसार घटना है। कानून सख्त है, फांसी का भी प्रावधान है। पर कानूनी प्रक्रिया धीमी है। एेसे केसों में कानूनी प्रक्रिया की गति तेज होनी चाहिए। जिससे तुरंत अपराधी को सजा मिल सकें।
सपना सिंह, क्रिमिनल लायर, फैमिली कोर्ट
सामाज में मासूम बच्चियों का भी जीना -हराम हो गया है। खुलेआम दुष्कर्मी घूम रहे हैं। एेसी घटनाओं पर रोक लगाना है, तो ऑन स्पॉट सजा का प्रावधान होना चाहिए।
अर्चना तिवारी, गृहिणी
अब तो घर से निकलने में भी डर लगता है। लगातार मासूमों के साथ दुष्कर्म की घटनाएं सामने आ रही हैं। दोषी को सजा एेसी मिले कि दूसरे भी थर थर कांपें।
रक्षा त्रिपाठी, छात्रा