सतना में चार साल की मासूम से रेप के बाद मृत समझकर पटक देने का मामला, हालत नाजुक, जबलपुर मेडिकल कालेज की टीम ने की जांच
सतना। परसमनिया मामले की चार साल की रेप पीडि़ता बच्ची को इलाज के लिए एअर एम्बुलेंस से नई दिल्ली एम्स अस्पताल ले जाया गया। मंगलवार सुबह बच्ची की जांच के लिये विशेष तौर पर जबलपुर मेडिकल कॉलेज की विशेषज्ञ टीम सतना जिला अस्पताल पहुंची। परीक्षण के बाद बच्ची की हालत नाजुक, लेकिन स्थिर बताते हुए उच्च चिकित्सा संस्थान भेजने का निर्णय लिया।
इधर, जिले के कलेक्टर-एसपी लगातार मासूम की हालत पर नजर बनाए रहे तो सीएम हाउस से भी बच्ची के हालात की जानकारी ली गई। दूसरी ओर घटना पर जिले में राजनीतिक उफान आ गया और जगह-जगह विरोध प्रदर्शन और कैंडल मार्च आयोजित किए गए।
ये है मामला
सोमवार की रात कलेक्टर ने जिला अस्पताल में रेप पीडि़ता के इलाज का विस्तृत ब्यौरा एसीएस राधेश्याम जुलानिया को दे दिया था। इसके बाद शासनस्तर से मेडिकल कालेज जबलपुर की विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम सुबह ही सतना जिला अस्पताल पहुंच गई। यहां बच्ची का चिकित्सकीय परीक्षण करने के उपरांत यह निर्णय लिया गया कि उसकी हालत नाजुक लेकिन स्थिर है। बेहतर चिकित्सा के लिए उसे नई दिल्ली एम्स भेजना होगा। इसके बाद कलेक्टर ने एयर एम्बुलेंस की व्यवस्था की। शाम करीब चार बजे पीडि़ता को नई दिल्ली एम्स के लिए रवाना कर दिया गया।
भड़की कांग्रेस
दूसरी ओर इस घटना को लेकर राजनीति भी गरमा गई। कांग्रेस ने इसके विरोध में कलेक्ट्रेट का घेराव कर जमकर नारेबाजी की। वहीं युवक कांग्रेस ने मौन प्रदर्शन किया। दूसरी ओर सामाजिक संगठनों ने भी रैली प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया है। कांग्रेस ने रेपिस्ट के लिये फांसी की मांग की है और ऐसा नहीं होने पर शहर बंद की चेतावनी दी है।
रेपिस्ट भेजा गया सलाखों के पीछे
पुलिस ने गिरफ्त में आए आरोपी महेंद्र सिंह गोड़ (27) से पूछताछ के बाद अदालत में पेश किया। जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। पुलिस ने इस मामले में अभी रिमांड नहीं मांगी।