
सवाईमाधोपुर. सवाईमाधोपुर जिले के अमरूदों की मिठास दूर-दूर तक फैली है। इस साल कम बारिश व अमरूदों में कीट प्रकोप के चलते किसानों को थोड़ी मायूसी झेलनी पड़ेगी। अमरूद उत्पादन पर 15 से 20 प्रतिशत असर पड़ेगा। हालांकि फिर भी किसान अच्छे कारोबार का अनुमान लगा रहे हैं।
इस बार जिले में 390 हैक्टेयर क्षेत्र में अमरूद के बगीचे लगाए गए है। हालांकि जिन किसानों ने समय रहते अमरूद के पौधे में स्प्रे कर लिया या दवाइयों का छिड़काव किया है, उनमें किसानों को फायदा मिलेगा।
जिले के अमरूद का कारोबार छह राज्यों तक फैला है। दो दशक पहले महज पांच बीघा (बगीचे) से शुरू हुई अमरूदों की पैदावार अब पांच हजार हैक्टेयर से अधिक क्षेत्र में हो रही है। अकेले सवाईमाधोपुर जिले में पैदा होने वाली अमरूदों की फुटकर या खैरूज बाजार पांच अरब के कारोबार को पार कर गया है। जिले में इस बार पांच हजार 836 क्षेत्रफल में अमरूदों की बागवानी हुई है। इससे भी किसानों को अमरूद का कारोबार बढऩे की उम्मीद है। जिले में किसानों की आय का साधन सिर्फ अमरूद है।
जिले में अमरूद के बगीचे
सवाईमाधोपुर जिले में बामनवास, करमोदा, चौथ का बरवाड़ा, मलारना डूंगर, श्यामपुरा, चकेरी, कुंडेरा, खण्डार, छाण आदि जगहों पर अमरूद के बगीचे है।
35 से 38 रुपए प्रतिकिलो भाव
किसानों ने बताया कि वर्तमान में अमरूद का अच्छा भाव मिल रहा है। दूसरे राज्यों में 35 से 38 रुपए प्रतिकिलो के हिसाब से अमरूद बिक रहा है, जबकि सवाईमाधोपुर में 25 से 30 रुपए किलो तक बेचा जा रहा है। बाजार में गोला अमरूद की अच्छी मांग है। आगामी दिनों में भाव में और इजाफा होने के आसार बने है।
सात सौ करोड़ से ज्यादा का व्यवसाय
उद्यान विभाग के अनुसार जिले में अमरूद का कारोबार सात सौ करोड़ के पार होने का अनुमान है, जो अपने आप में एक रिकॉर्ड है। अधिकारियों ने बताया कि इस बार कम बारिश व रोग के बावजूद 95 हजार मीट्रिक टन उत्पादन पहुंचने की उम्मीद है, जो पिछले साल के मुकाबले ज्यादा है।
ये है स्थिति
शहर प्रतिशत
सवाईमाधोपुर 75 प्रतिशत
कोटा 8 प्रतिशत
दौसा 6 प्रतिशत
बूंदी 6 प्रतिशत
टोंक 5 प्रतिशत
यूं बढ़ रहा कारोबार
वर्ष उत्पादन
2014 65 हजार मीट्रिक टन
2015 80 हजार मीट्रिक टन
2016 90 हजार मीट्रिक टन
2017 01 लाख मीट्रिक टन
अमरूदों के भाव बढ़ेंगे
जिले में इस बार पानी की समस्या है। उच्च तापमान से फल कम फूल रहे है। अमरूद में फल मक्खी का प्रकोप है। गत वर्ष के मुकाबले भाव बढ़ेंगे। सर्दी पडऩे के बाद ही अमरूद फूलेगा। कम बारिश व रोग के बावजूद इस बार सात अरब के कारोबार की संभावना है।
रामराज मीणा, सहायक निदेशक, उद्यान विभाग, सवाईमाधोपुर