
मालपुरा. कड़ीला पंचायत के जानकीपुरा गांव के समीप दबडिय़ा नाडी की पाळ पर पत्थर की खान से निकली मिट्टी में मिले सोने के सिक्के के गुप्तकालीन होने की सम्भावना पुरातत्व विभाग ने जताई है। केन्द्रीय पुरातत्व विभाग जयपुर के सहायक अधीक्षक मनोज द्विवेदी, विभागीय सहायक अधिकारी गोविन्द सिंह मीणा ने पुलिस की ओर से बुधवार को बरामद किए गए दोनों सिक्कों की गुरुवार को प्राथमिक जांच के बाद ये सम्भावना जताई। उन्होंने बताया कि प्रयोगशाला में सभी तरह से जांच के बाद ही वास्तविकता का पता लगेगा। उन्होंने उपखण्ड अधिकारी सुखराम खोखर, वृत्ताधिकारी रामनिवास मीना व डिग्गी थाना प्रभारी प्रेमसिंह नाथावत के साथ मौके पर पहुंच साक्ष्य भी जुटाए।
मिट्टी के नमूने व इधर-उधर बिखरी मिली पुरामहत्व की वस्तुओं को एकत्रित किया। सिक्को की कीमत पर उन्होंने बताया कि प्राचीनकालीन सिक्कों की कोई कीमत नहीं होती। इनको पुरातत्व विभाग के पास रखा जाएगा। इन सिक्कों से ही देश का इतिहास व क्षेत्र की जानकारी विश्व पटल पर दर्शाई जाएगी। उन्होंने कहा कि खुदाई में सिक्के निकलते हैं तो पुरातत्व विभाग ही कार्रवाई करेगा। सिक्के ढूंढने वालों से भी उन्होंने चर्चा की। इसमें कलमण्डा निवासी एक महिला ने सिक्का मिलने का स्थान बताया। ग्रामीणों से भी सोने के सिक्के मिलने व इसकी वास्तविकता जुटाने का प्रयास किया, लेकिन निषेधाज्ञा के चलते नाडी के पास कोई नहीं मिला। गांव में जाने पर ग्रामीणों ने कोई भी जानकारी होने से इनकार कर दिया।
तीन माह से निकल रहे हैं
पुलिस की ओर से जब्त किए सोने के दो सिक्को के बारे में पूछताछ के बाद एक महिला ने बताया कि गत 28 नवम्बर को अन्य ग्रामीणों की तरह दबडिय़ा नाडी की मिट्टी में वह भी सिक्के तलाश कर रही थी। इस दौरान उसे एक सिक्का मिला। उसने ये सिक्का सास के सुपुर्द किया था। उसने बताया कि खुदाई में दो-तीन महीनों से सिक्के मिल रहे हैं। इसलिए वो भी सिक्का खोजने के लिए आई थी।
नाडी में पसरा सन्नाटा
जानकीपुरा गांव की दबडिय़ा नाडी क्षेत्र में धारा 144 लगाने, पुलिस द्वारा दो जनों को पकडऩे, मौके पर आरएसी जवानों की तैनातगी के बाद से नाडी क्षेत्र में सन्नाटा पसरा है। यहां गुरुवार को कोई भी सिक्के की तलाश में पाळ के आस-पास दिखाई नहीं दिया।
पुलिस करेगी कार्रवाई
पुलिस उपाधीक्षक रामनिवास मीना ने बताया कि दबडिय़ा नाड़ी की मिट्टी में सोने के सिक्के मिलने की पुष्टि के बाद पुलिस इस मामले की प्रारम्भिक स्तर से ही जांच करेगी। पूछताछ कर अति प्राचीन पुरामहत्व के सोने के सिक्कों के खरीदारों की जानकारी जुटाकर उनसे सिक्कों की बरामदगी की जाएगी। पुलिस का सहयोग करने वालों को पुरस्कृत भी किया जाएगा।