अनाज भंडारण होती है समस्या
किंदरई/सिवनी. जिले के डूब क्षेत्र ग्राम झिंझरई में शासकीय गेंहू धान खरीदी केंद्र दो मई 2011 से अबाध रूप से संचालित है। यहां प्रतिवर्ष 25 से 30 हजार क्विंटल धान गेंहू खरीदी होती है और इसका जो कमीसन सोसायटी को शासन के द्वारा दिया जाता है जो केदारपुर सोसायटी में जमा है जिससे झिंझरई के पुराना प्राथमिक शाला पंचायत भावन के पास खसरा नंबर 137, 138, 209, 207 ग्राम पंचायत सोसायटी को उक्त खसरा नम्बर का विशाल ग्राउंड खरीदी के लिए दिया गया है और किसानों का अनाज सरकारी भंडारण के लिए बेयर हाउस, बाउंड्रीबॉल, टीनसेड बनाने के लिए अनेक बार किसान, और सरपंच मांग कर रहे है कि स्थाई व्यवस्था बनाए। जबकि प्रति वर्ष लाखों की पन्नी, त्रिपाल खरीदते है। फिर भी सरकारी अनाज खराब होता है। इस वर्ष सैकड़ों बोरे गेंहू खराब हुआ है। वहीं खराब अनाज के कारण सरकारी मध्यान भोजन के लिए स्कूलों में अनाज की सप्लाई से छात्रों के स्वस्थ में प्रतिकूल प्रभाव होता है। गरीबों को प्रतिकूल असर होता है वहीं प्रतिवर्ष सरकारी पैसे खर्च हो रहे है।
क्षेत्र के किसान बलराम चौधरी, उमेश, मोहन, राजेन्द्र सिंह, मुकुन्द, दारासिंह पटेल, जुगलेश, कपिल पटेल, नानू, मिथलेश पटेल, जानकी प्रसाद वरकड़े, खेमलाल मरकाम, नरसिंह पटेल, विष्णु विश्वकर्मा, पवित्र, घनश्याम, सुशील पटेल आदि ने कलेक्टर से मांग की है कि किसानों के हित शीघ्र ही कार्य किया जाए। इसके साथ ही ग्राम पंचायत झिंझरई की सरपंच विद्याबरकड़े ने कलेक्टर को पत्र लिखकर मांग की है कि झिंझरई के सरकारी भूमि खसरा नंबर 137, 138, 209, 207 के विशाल मैदान में टीनसेड, वेययहाउस गोदाम, बाउंड्रीबॉल बनाया जाए। साथ ही इस क्षेत्र का खाद्यान्न अनाज भंडारण कर यहीं से वितरण किया जाए इससे सरकारी ट्रांसपोर्ट खर्च बचेगा। वहीं ग्रामवासियों, स्कूलों को खाद्यान्न यहीं से समय पर मिलेगा।