. प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश एसके चौबे ने शुक्रवार को 2015 में कुरई थाना क्षेत्र में हुई एक हत्या के मामले में दो आरोपियों को आजीवन कारावास और जुर्माने की सजा से दंडित किया। 2015 की जुलाई में हुई हत्या के मामले में लगभग सालभर के भीतर ही फैसला आ जाने से परिजनों को न्याय मिला है।
पुरानी रंजिश के चलते पिछले साल 12-13 तारीख की दरमियानी रात कुल तीन आरोपी सुरेश इनवाती, महेश मर्सकोले और एक नाबालिग निवासी सकाड़ा(कुरई) गांव के ही 70 साल के बुजुर्ग मेहतर सिंह के घर में घुसे और पुरानी रंजिश के कारण कुल्हाड़ी से उसकी हत्या कर दी। इस हत्या के बाद तीनों आरोपियों ने मृतक के शव को रस्सी से बांधा और कुरई के जंगलों में ले जाकर जमीन में दफना दिया। अगली सुबह मृतक के पड़ोस में रहने वाली बहू बुजुर्ग के घर गई तो वहां चारों ओर खून ही खून पड़ा हुआ था और बुजुर्ग का कहीं अता-पता नहीं था। घबराई बहू ने इस बात की जानकारी परिजनों और ग्रामीणों को दी। जिसके बाद इस मामले की जानकारी कुरई पुलिस को दी गई।
पुलिस ने सारे घटनाक्रम के साफ होने पर धारा 460, 364, 302, 201 के अंर्तगत मामला अदालत में पेश किया। अदालत ने सुनवाई, गवाहों के बयान आदि के आधार पर शुक्रवार को धारा 460 और 364 के तहत आरोपियों को दस-दस साल की सजा, 302 के तहत आजीवन कारावास, धारा 201 के तहत सात-सात साल की सजा सुनाई। आरोपियों की आर्थिक परिस्थिति को देखते हुए 100-100 रुपए का अर्थदंड लगाया गया है।