सीकर

घनश्याम तिवाड़ी BJP से इस्तीफे के बाद अब सीकर से लगा सकते हैं यह बड़ा दांव

Ghanshyam Tiwari : सीकर विधानसभा क्षेत्र भारत वाहिनी पार्टी के संस्थापक घनश्याम तिवाड़ी की कर्मस्थली होने के कारण वे यहां पर चुनावी चौसर पर कब्जा जमाने का पूरा प्रयास करेंगे।
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Updated: 26 Jun 2018, 9:08 PM IST
Sikar
Ghanshyam Tiwari can introduce His Son from Sikar in Politicas

सीकर. राजस्थान में भाजपा से इस्तीफा देने वाले विधायक घनश्याम तिवाड़ी के भारत वाहिनी पार्टी की घोषणा किए जाने के साथ ही अब सीकर में भी पार्टी के प्रत्याशी को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। सीकर विधानसभा क्षेत्र भारत वाहिनी पार्टी के संस्थापक घनश्याम तिवाड़ी की कर्मस्थली होने के कारण वे यहां पर चुनावी चौसर पर कब्जा जमाने का पूरा प्रयास करेंगे।

ऐसे में सियासी गलियारे में चर्चा है कि सीकर में दो बार विधायक रहने के कारण घनश्याम तिवाड़ी अब अपने बेटे को भारत वाहिनी पार्टी का राजस्थान विधानसभा चुनाव 2018 में प्रत्याशी बनाकर मुकाबले को रोचक बना सकते हैं। इसके लिए तिवाड़ी अपने पुराने नजदीकियों के लगातार सम्पर्क में भी है।

सीकर विधानसभा सीट पर लगातार ब्राह्मण प्रत्याशी जीते

सीकर विधानसभा क्षेत्र में 1980 से शुरू हुए घनश्याम तिवाड़ी के सफर के साथ यहां लगातार ब्राह्मण प्रत्याशी ही जीतते आ रहे हैं। तिवाड़ी के बाद सीकर से कांग्रेस के उम्मीदवार राजेन्द्र पारीक विधायक रहे हैं। इसके अलावा राजकुमारी शर्मा व वर्तमान विधायक रतन जलधारी भी ब्राह्मण बाहुल्य वाली सीट जीत कर आए हैं। ऐसे में यह भी चर्चा है कि शहरी क्षेत्र में घनश्याम तिवाड़ी के पुराने सम्पर्क चुनावी गणित को बदल सकते है। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में भी तिवाड़ी की पुरानी पैठ काम आ सकती हैं।

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