विमान उतरते ही नजदीकी जीणमाता नगर व भींचरी नगर का रास्ता पूरी तरह बंद कर दिया जाता है। लोग गांव से बाहर नहीं निकल पाते।
सीकर/पत्रिका न्यूज नेटवर्क। खाटूश्यामजी, सालासर व जीणमाता की सबसे नजदीकी एकमात्र हवाईपट्टी तारपुरा में वीआईपी का आगमन सालभर से दो गांवों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। विमान उतरते ही नजदीकी जीणमाता नगर व भींचरी नगर का रास्ता पूरी तरह बंद कर दिया जाता है। लोग गांव से बाहर नहीं निकल पाते।
हर माह औसतन दो से पांच बार तक यह स्थिति रहती है। करीब एक साल पहले हुए हवाईपट्टी क्षेत्र विस्तार में इन दोनों गांवों के रास्ते को भी समाहित कर लिया गया था।
हवाईपट्टी पर विमान आने पर इन दोनों गांवों के अलावा लक्ष्मणा का बास से खिरोड तथा पिपराली से सिंघासन के दो रास्ते भी बंद हो जाते हैं। ऐसे में इन रास्तों के राहगीरों को भी अन्य रास्तों से गुजरना पड़ता है।
समस्या हवाईपट्टी के विस्तार के समय इन दोनों गांवों के रास्ते को ध्यान में नहीं रखने से बढ़ी है। करीब 200 मीटर का क्षेत्र बढ़ाते समय सार्वजनिक निर्माण विभाग व राजस्व विभाग इन गांवों का रास्ता छोड़ देती तो यह परेशानी नहीं होती।
जब सार्वजनिक निर्माण विभाग ने हवाईपट्टी के विस्तारित क्षेत्र पर चारदीवारी बनानी चाही तो ग्रामीणों ने विरोध कर उसका काम रुकवा दिया। तब से यह काम भी अधूरा पड़ा है।
हवाईपट्टी के विस्तार से जीणमाता नगर व भींचरी नगर के रास्ते पूरी तरह बंद हो जाते हैं। अन्य कई गांवों का मार्ग भी प्रभावित होता है। मामले में सार्वजनिक निर्माण व राजस्व विभाग के अलावा कलक्टर को कई बार ज्ञापन दिया जा चुका है। अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ है।
संतरा देवी, सरपंच, तारपुरा