सिंगरौली नगर निगम ने रिलायंस कंपनी पर की सख्ती, चार साल से नहीं किया भुगतान,सात करोड़ बकाया के लिए 15 दिन की मोहलत
सिंगरौली. रिलायंस कंपनी पर सात करोड़ संपत्तिकर बकाया होने के चलते नगर निगम ने प्रबंधन को नोटिस थमाया है। बता दें कि संपत्तिकर बीते चार साल से कंपनी प्रबंधन चुकता नहीं किया है। नोटिस में साफ लिखा है कि 15 दिन के भीतर कर न जमा करने पर कुर्की वारंट जारी किया जाएगा।
रिलायंस पॉवर कंपनी की मनमानी
बताते चलें कि रिलायंस पॉवर कंपनी का कन्वेयर बेल्ट नगरीय क्षेत्र से ही होकर गुजरा है। साथ ही नगरीय क्षेत्र में ही कंपनी के भवन बने हैं। नगर निगम से मिली जानकारी के अनुसार, कंपनी प्रबंधन बिना नगर निगम से एनओसी लिए ही कन्वेयर बेल्ट लगा दिया। कन्वेयर बेल्ट से कोलमाइंस से कोल की सप्लाई पॉवर प्लांट का किया जाता है।
खुले में कोयले की सप्लाई से फैल रहा प्रदूषण
स्थानीय लोगों की मानें तो कोयले की सप्लाई से आसपास के क्षेत्रों में प्रदूषण फैल रहा है। दूसरी दिक्कत यह कि कन्वेयर बेल्ट की आवाज से आसपास के लोगों नींद तक उड़ गई है। संबंधित क्षेत्र की पार्षद बुधनी देवी का आरोप है कि नगर निगम प्रशासन गरीबों का सताता है- मगर, बड़ी-बड़ी कंपनियों को बचाने में जुटा है। सात करोड़ रु बतौर संपत्तिकर बाकी होना अपने आप में एक सवाल खड़ा करता है।
15 दिन बाद कुर्की वारंट होगा जारी
चार साल से संपत्तिकर न जमा करने के बाद भी अब जाकर नोटिस थमाना संदेह के घेरे में है। यहां बता दें कि नगर निगम को संपत्तिकर सात करोड़, 42 लाख और 3724 रु बाकाया है। जबकि छह करोड़ से ज्यादा राशि तो वर्ष 2013-14 की ही बतौर संपत्तिकर बाकी है। नगर आयुक्त शिवेंद्र सिंह ने बताया कि अगर कंपनी प्रबंधन 15 दिन के अंदर राशि नहीं जमा करता है तो कुर्की वारंट जारी किया जाएगा। मगर, बड़ी-बड़ी कंपनियों को नगर निगम बचाने में जुटा है। सात करोड़ रु बतौर संपत्तिकर बाकी होना अपने आप में एक सवाल खड़ा करता है।