20 से 30 जनवरी 2018 के मध्य राष्ट्रीय स्तर की कुश्ती प्रतियोगिता का होना है आयोजन
सिंगरौली. गैर सरकारी संस्था गरिमा ग्राम विकास समिति के बैनर तले अगले वर्ष दंगल कराने की तैयारी है। दंगल में देश के विभिन्न कोनों से पहलवान अपना दमखम दिखाएंगे। नेपाल से भी आधा दर्जन पहलवानों का दल आएगा। सबसे खास महाबली खली का आगमन है।
आयोजक सुरेश शर्मा की महापौर प्रेमवती खैरवार के बंगले तक सीधी एंट्री है। इसे देखते हुए व्यवस्थाएं निगम के माथे पडऩे की आशंका है, पिछली बार की तरह नगर निगम के खाते से भारी आर्थिक मदद मंजूर किए जाने की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता। एडवोकेट अवनीश दुबे द्वारा संचालित उक्त संस्था के जरिए 20 से 30 जनवरी 2018 के मध्य राष्ट्रीय स्तर की कुश्ती प्रतियोगिता का भाजयुमो के पूर्व जिलाध्यक्ष सुरेश शर्मा ने बीड़ा उठाया है।
शहरवासियों का मनोरंजन
बतौर आयोजन समिति संयोजक शर्मा द्वारा शनिवार को एक होटल में विधायक रामलल्लू बैस व महापौर प्रेमवती खैरवार के साथ बाकायदा प्रेस वार्ता ली गई। चूंकि महापौर प्रेमवती खैरवार एमआईसी के कुछ साथियों के साथ प्रेसवार्ता में मौजूद थीं। इससे दंगल में निगम की कितनी कनेक्टिविटी रहेंगी, इसे बखूबी समझा जा सकता है। शहरवासियों के मनोरंजन के नाम पर कराए जाने वाले इस आयोजन में निगम द्वारा तन, मन व धन से सहयोग की संभावना जताई जा रही है।
मदद की लगाई थी गुहार
संस्था द्वारा 18 व 19 फरवरी को स्टेडियम में दंगल कराए जाने पर पिछली प्रतियोगिता मेंं 9 लाख 16 हजार 770 रुपए का व्यय बताते हुए निगम से तीन लाख रुपए की मदद की गुहार लगाई थी। हैरत की बात यह है कि उक्त आयोजन के खर्चे को संदिग्ध मानते हुए विपक्ष के साथ सत्ता पक्ष के पार्षद भी परिषद में चर्चा तक के लिए तैयार नहीं हुए और अगली परिषद के नाम से स्वीकृति देने से बच रहे थे। गत २९ नवम्बर को अनिश्चितकाल के लिए अध्यक्ष सीपी विश्वकर्मा द्वारा स्थगित की गई तीन दिवसीय परिषद में चर्चा तो दूर की बात एजेण्डा तक नहीं था।
बावजूद १० दिन बाद अध्यक्ष द्वारा आश्चर्यजनक तरीके से तीन लाख के स्थान पर पांच लाख रुपए संस्था को दिए जाने का बहुमत से निर्णय होना बताते हुए मिनिट्स जारी कर दिए। सूत्रों का कहना है कि ऊपर की राशि के बंटवारे की सौदेबाजी हुई थी। उसके बाद ही मिनिट्स में मंजूरी प्रदान की गई।
निगम की भूमिका होगी अहम
इस पूरे आयोजन में नगर निगम की भूमिका अहम होगी। उक्त कार्यक्रम एक एनजीओ का था। निगम का कोई सीधा कनेक्शन भी नहीं था। बावजूद महापौर खैरवार अपने कुछ एमआईसी साथियों के साथ खुद शर्मा के साथ प्रेसवार्ता में उपस्थित थीं। ऐसे में आयोजन पर निगम का आशीर्वाद उमडऩे की संभावना है। फ्री में चूनकुमारी स्टेडियम, टेण्ट, पेयजल व अन्य व्यवस्थाओं के साथ अंत में नगर निगम से आर्थिक मदद का आग्रह होगा। कुल मिलाकर निगम के खाते से प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष तौर पर ५० प्रतिशत से अधिक राशि खर्च होने का अनुमान लगाया जा रहा है। निगम की इस महत्ती भूमिका के पीछे शर्मा की महापौर तक सीधी पहुंच मानी जा रही है। शर्मा की निगम के कामकाज में दखलंदाजी किसी से छुपी नहीं है।
शहरवासियों के मनोरंजन के लिए समिति के बैनर तले दंगल का आयोजन करवा रहे है। हम केवल आयोजन समिति के संयोजक है। समिति अध्यक्ष अवनीश दुबे जी है। समिति में हमारा कोई पद नहीं है।
सुरेश शर्मा संयोजक, दंगल प्रतियोगिता आयोजन समिति बैढऩ