श्रीगंगानगर.शहरों को साफ-सुथरा और व्यवस्थित बनाने के लिए अब स्वच्छता को व्यापक प्रशासनिक सुधार से जोडकऱ देखा जा रहा है। इसी कड़ी में बुधवार को जिला परिषद सभागार में स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के अंतर्गत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें राजस्थान सरकार के ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता ने स्पष्ट कहा कि स्वच्छता केवल अभियान […]
श्रीगंगानगर.शहरों को साफ-सुथरा और व्यवस्थित बनाने के लिए अब स्वच्छता को व्यापक प्रशासनिक सुधार से जोडकऱ देखा जा रहा है। इसी कड़ी में बुधवार को जिला परिषद सभागार में स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के अंतर्गत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें राजस्थान सरकार के ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता ने स्पष्ट कहा कि स्वच्छता केवल अभियान नहीं, बल्कि सतत व्यवस्था होनी चाहिए,जो हर गली और वार्ड में नजर आए।अतिरिक्त जिला कलक्टर सुभाष कुमार ने नगर परिषद सहित जिले के सभी नगरीय निकायों की कार्यप्रणाली, वार्डों की स्थिति और चल रहे स्वच्छता कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। उन्होंने कचरा प्रबंधन, सफाई व्यवस्था और विभिन्न योजनाओं की प्रगति पर प्रकाश डालते हुए चुनौतियों और सुधार की संभावनाओं को भी रेखांकित किया।
ब्रांड एंबेसडर गुप्ता ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन 2 अक्टूबर 2014 को शुरू हुआ और अब यह जन-आंदोलन का रूप ले चुका है। इसे प्रभावी बनाने के लिए प्रशासन और आमजन दोनों की सक्रिय भागीदारी जरूरी है। उन्होंने धार्मिक स्थलों, बस स्टैंड, सार्वजनिक परिसरों और बाजार क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
बैठक में शहरी बुनियादी ढांचे से जुड़े मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को सडक़ों को गड्ढ़ामुक्त करने और मरम्मत कार्य तेज करने के निर्देश दिए गए, वहीं पीएचईडी को जल आपूर्ति में लीकेज रोकने और जल संरक्षण सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही, रात्रिकालीन सफाई, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और प्लास्टिक कचरे के नियंत्रण जैसे बिंदुओं पर भी जोर दिया गया। गुप्ता ने सभी विभागों के बीच समन्वय बढ़ाने और नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर बल दिया,ताकि स्वच्छता स्थायी रूप से लागू हो सके। बैठक में एसडीएम नयन गौतम,एक्सईएन मंगत सेतिया, विभिन्न नगरपालिकाओं के अधिशासी अधिकारी सहित कई विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।