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Chhattisgarh News: सुकमा में 47 छात्राओं की अचानक बिगड़ी तबीयत, स्वास्थ्य केंद्र में इलाज जारी, एक की हालत गंभीर

Potakabin Sukma: सुकमा के पोलमपल्ली बालिका पोटाकेबिन में दो दिन में 47 छात्राएं बीमार पड़ गईं। 23 का दोरनापाल स्वास्थ्य केंद्र में इलाज जारी है, जबकि एक छात्रा की हालत गंभीर है।
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Aug 29, 2026
Chhattisgarh News
सुकमा में 47 छात्राओं की तबीयत बिगड़ी (photo source- Patrika)

Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में बालिका पोटाकेबिन पोलमपल्ली की छात्राओं के अचानक बीमार पड़ने से हड़कंप मच गया है। पिछले दो दिनों में करीब 47 छात्राओं की तबीयत बिगड़ने की जानकारी सामने आई है। छात्राओं ने बुखार, उल्टी और दस्त की शिकायत की, जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए दोरनापाल स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। इनमें से कुछ छात्राओं को प्राथमिक उपचार के बाद स्वास्थ्य में सुधार होने पर वापस पोटाकेबिन भेज दिया गया है। वहीं, 23 छात्राओं का अभी भी दोरनापाल स्वास्थ्य केंद्र में इलाज चल रहा है। एक छात्रा की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिसे बेहतर उपचार के लिए सुकमा जिला अस्पताल रेफर किया गया है।

Sukma Health News: 23 छात्राओं का दोरनापाल स्वास्थ्य केंद्र में इलाज

छात्राओं की तबीयत बिगड़ने के बाद स्वास्थ्य विभाग को इसकी जानकारी दी गई। इसके बाद बीमार छात्राओं को दोरनापाल स्वास्थ्य केंद्र लाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उनका उपचार किया जा रहा है। इलाज के बाद कुछ छात्राओं की हालत में सुधार हुआ है और उन्हें वापस पोटाकेबिन भेज दिया गया है। फिलहाल 23 छात्राओं का स्वास्थ्य केंद्र में उपचार जारी है। वहीं, एक छात्रा को गंभीर हालत के चलते सुकमा जिला अस्पताल रेफर किया गया है।

पोटाकेबिन में करीब 350 छात्राएं अध्ययनरत

बालिका पोटाकेबिन पोलमपल्ली में करीब 350 छात्राएं पढ़ाई कर रही हैं। एक के बाद एक छात्राओं के बीमार पड़ने से संस्थान की व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठने लगे हैं। खासकर भोजन, पेयजल और साफ-सफाई की व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। हालांकि, अभी तक छात्राओं के बीमार पड़ने की वास्तविक वजह सामने नहीं आई है। यह स्पष्ट नहीं है कि बीमारी का कारण दूषित भोजन, पानी, संक्रमण या कोई अन्य वजह है।

बीमारी की वजह का पता लगाने में जुटा स्वास्थ्य विभाग

छात्राओं के लगातार बीमार होने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम स्थिति पर नजर बनाए हुए है। स्वास्थ्यकर्मियों की निगरानी में बीमार छात्राओं का उपचार किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से छात्राओं की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। साथ ही बीमारी के संभावित कारणों की भी जांच की जा रही है, ताकि अन्य छात्राओं को संक्रमण या किसी अन्य स्वास्थ्य समस्या से बचाया जा सके।

अन्य छात्राओं की भी हो रही निगरानी

पोटाकेबिन में बड़ी संख्या में छात्राएं एक साथ रहती और पढ़ाई करती हैं। ऐसे में एक साथ कई छात्राओं के बीमार पड़ने के बाद बाकी छात्राओं के स्वास्थ्य को लेकर भी विशेष सतर्कता बरती जा रही है। फिलहाल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की प्राथमिकता बीमार छात्राओं को बेहतर उपचार उपलब्ध कराना और बीमारी के कारणों का पता लगाना है। जांच के बाद ही छात्राओं के अचानक बीमार पड़ने की सही वजह स्पष्ट हो सकेगी।

Updated on:
29 Aug 2026 02:49 pm
Published on:
29 Aug 2026 02:49 pm