सूरत

वीवर्स को पास-ऑन करना होगा टैक्स क्रेडिट का लाभ

कपड़ों की कीमत घटने के आसार
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Jul 23, 2018
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वीवर्स को पास-ऑन करना होगा टैक्स क्रेडिट का लाभ

सूरत

जीएसटी काउंसिल की मीटिंग में वीवर्स के लिए इनपुट टैक्स क्रेडिट रिफंड की बात मान लिए जाने के बाद अब उन्हें जो लाभ मिलेगा, वह व्यापारियों को पास-ऑन करना होगा। यानी उन्हें अब कपड़ों की कीमत कम करनी पड़ेगी।
सूरत समेत देशभर के वीवर्स जीएसटी लागू होने के बाद से इनपुट टैक्स क्रेडिट रिफंड की मांग कर रहे थे, जो शनिवार को जीएसटी काउंसिल की बैठक में स्वीकार कर ली गई। उन्हें 27 जुलाई से होने वाली खरीद पर इनपुट टैक्स क्रेडिट रिफंड दिया जाएगा। अब सरकार का कहना है कि वीवर्स को इनपुट टैक्स क्रेडिट मिलने के बाद जो लाभ होगा, वह व्यापारियों तक पास-ऑन करना पड़ेगा। अब तक वीवर्स यार्न पर 12 प्रतिशत ड्यूटी चुकाते थे और कपड़े पर पांच प्रतिशत ड्यूटी चुकानी पड़ती थी, जिससे उन्हें लगभग सात प्रतिशत टैक्स क्रेडिट का नुकसान हो रहा था। यह नुकसान वीवर्स कपड़ों की कीमत से वसूल करते थे। टैक्स क्रेडिट रिफंड मिलने के बाद वीवर्स को लाभ मिलेगा। इसलिए उन्हें कपड़ों की कीमत कम करनी पड़ेगी।

माटोलिया का सम्मान
इंदौर में आयोजित विप्र फाउंडेशन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी बैठक में खांडल विप्र समाज, सूरत के संस्थापक सदस्य सांवरमल माटोलिया को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाए जाने पर रविवार को समाज की ओर से सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह परवत पाटिया के समाज भवन में हुआ। माटोलिया की नियुक्ति पर समाज ने उन्हें सम्मानित किया। विप्र फाउंडेशन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में सूरत जोन से माटोलिया के अलावा जगदीश रतावा, प्रेम जोशी और दिनेश शर्मा को शामिल किया गया है। इस मौके पर संस्था के जयपुर में प्रस्तावित सेंटर फॉर एक्सीलेंस के सहयोगी तुलसी राजपुरोहित का भी स्वागत किया गया। समारोह का संचालन पूनम जोशी ने किया।
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अलूणा व्रत शुरू
जया-पार्वती अलूणा व्रत की शुरुआत देवशयन एकादशी सोमवार से की गई। इस मौके पर कन्याओं और युवतियों ने शिवालयों में माता पार्वती की विशेष पूजा-अर्चना की शुरुआत की। सज-संवरकर छोटी-छोटी बच्चियां एवं युवतियां पूजा के थाल हाथ में लेकर विभिन्न क्षेत्रों के शिवालयों में पहुंचीं। वहां विधि-विधान से माता पार्वती की पूजा-अर्चना की गई। इस अवसर पर किशोरियों और अन्य के मनोरंजन के लिए महानगर पालिका एवं स्कूली स्तर पर कई कार्यक्रमों के आयोजन शुरू किए गए हैं। इनमें मेहंदी स्पर्धा, लेखन प्रतियोगिता जैसे कार्यक्रम शामिल हैं। महिला वर्ग ने बाजार में अलूणा व्रत पर्व के निमित विशेष सामग्री की खरीदारी की।

Updated on:
23 Jul 2018 10:29 pm
Published on:
23 Jul 2018 10:29 pm