- तलाक के लिए थाने आए थे दंपत्ति- पुलिस ने दोबारा शादी कराकर लौटाया- दोनों पक्षों को बुलाकर पुलिस ने दी समझाइश- थाने में दोबारा हुई शादी, सभी रस्में में भी निभाई
बीते सालों में मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ जिले से अलग हुए निवाड़ी जिले की पुलिस पर अकसर असंवेदनशीलता और गैर जिम्मेदाराना रवैय्ये के आरोप लगते रहते है। यही नहीं, जिले की पुलिस पर कठोरता और क्रूरता बरतने के भी आरोप लगते आए हैं। उनकी संवेदनशीलता के चर्चे बहुत कम होते हैं, लेकिन आज हम पुलिस के एक ऐसे कार्य के बारे में बता रहे हैं, जिसे सुनकर वर्दीवालों के प्रति आपके विचार में बदलाव आ सकता है। इस घटना के बारे में जानने के बाद पुलिस वालों की संवेदनशीलता और सामाजिक सरोकार की तारीफ करते नहीं थकेंगे।
दरअसल, जिले की एक महिला ज्योति अहिरवार ने महिला थाना में शिकायत दर्ज कराई कि उसके पति सहित ससुराली उसे सुसराल में अच्छे से नहीं रखते। साथ ही छोटी - छोटी बातों को लेकर झगड़ते रहते हैं, जिससे परेशान होकर वो पिछले करीब 5 महीनों से अपने मायके आकर रहने को मजबूर है। महिला की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए महिला थाना प्रभारी रजनी सिंह चैहान ने दोनों पक्षों को पुलिस स्टेशन बुलाया और उनकी समस्याएं सुनीं। इसके बाद थाना प्रबारी ने दोनों पक्षों को समझाइश भी दी।
थाना परिसर में अदा की गईं सारी रस्में
थाना प्रभारी रजनी सिंह चौहान की समझाइश से दोनों पक्ष न सिर्फ संतुष्ट हुए, बल्कि एक - दूसरे के प्रति आपसी मतभेद को भूलकर एक साथ रहने की सेहमति भी जाहिर की। काउंसलिंग के दौरान महिला थाना प्रभारी रजनी सिंह को ये पता चला कि, शिकायतकर्ता महिला गर्भवती है तो थाना प्रभारी ने संवेदनशीलता की मिसाल पेश करते हुए खुद फल एवं मिठाई मंगवाकर समस्त स्टाफ के साथ थाना परिसर में ही शिकायतकर्ता महिला की गोद भराई की, रस्म अदा कराई गई। जिसे लेकर स्थानीय पुलिस की हर तरफ तारीफ की जा रही है।