MP news: ग्रामीणों द्वारा समझाइश देने के बाद भी वह नहीं माना और अपनी मांग पर अड़ा रहा। मामला पुश्तैनी जमीन के विवाद से जुड़ा है जिसको लेकर युवक परेशान था।
MP news: मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ एक युवक का हाई वोल्टेज ड्रामा ड्रामा देखने को मिला। युवक अपनी जमीन बचाने की जिद्द को लेकर 'शोले' स्टाइल में पानी की टंकी पर चढ़ गया और कूदने की धमकी देने लगा। ग्रामीणों द्वारा समझाइश देने के बाद भी वह नहीं माना और अपनी मांग पर अड़ा रहा। अंत में पुलिस ने मामला संभाला। यह मामला पुश्तैनी जमीन के विवाद से जुड़ा है जिसको लेकर युवक परेशान था।
दरअसल, पृथ्वीपुर थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत सिमरा खास में मंगलवार की शाम एक युवक शराब के नशे में पानी की ऊंची टंकी पर चढक़र आत्महत्या की धमकी देने लगा। करीब एक घंटे तक चले इस हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद थाना प्रभारी की सूझबूझ और हिम्मत से युवक की जान बचा ली गई। जानकारी के अनुसार सिमरा खास निवासी महेंद्र पुत्र हरनारायण कुशवाहा शाम करीब 7 बजे नशे की हालत में पानी की टंकी पर चढ़ गया और गले में रस्सी का फंदा डालकर कूदने की कोशिश करने लगा। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने उसे समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह किसी की बात मानने को तैयार नहीं था।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी धर्मेंद्र सिंह राजपूत अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। हालात की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने खुद साहस दिखाते हुए टंकी पर चढऩे का फैसला लिया। उनके साथ एनआरएस विनय कुमार भी ऊपर पहुंचे और समझाइश के बाद युवक को सुरक्षित नीचे उतारा गया।
नीचे आने के बाद पीडि़त महेंद्र कुशवाहा ने बताया कि वह शहर से बाहर काम करता है। वह दो दिन पहले ही घर लौटा था। महेंद्र ने बताया कि उसके दादा के पास करीब सवा एकड़ जमीन है और इसकी कीमत लगभग 15 लाख रुपए बताई जा रही है। बहरहाल, गांव के कुछ लोग उसके दादा की जमीन पर नजर गड़ाए बैठे थे। कुछ गांववाले जमीन को मात्र 5 लाख रुपए में खरीदने का दबाव बना रहे थे। महेंद्र के अनुसार उसने इस सौदे का विरोध किया लेकिन दादा जुबान देने की बात कहकर मानने को तैयार नहीं थे।
इसी तनाव में आकर उसने यह खौफ नाक कदम उठा लिया। युवक के बचाव में इस दौरान पुलिस टीम के अशोक राय, चंद्रभान सिंह, जगवेंद्र राजावत, राहुल यादव और संदीप यादव भी मौके पर मौजूद रहे। पुलिस की तत्परता से एक बड़ा हादसा टल गया और युवक को सुरक्षित बचा लिया। पुलिस ने भी परिवार और गांववालों को आपसी सहमति से जमीन विवाद सुलझाने की सलाह दी है, ताकि भविष्य में इस तरह की स्थिति दोबारा न बने।