टोंक

Tonk: भारी पड़ा पिकनिक का फितूर… बाहर नहीं आ सके जिंदा; एक-दूसरे को बचाने के चक्कर में डूबे 8 युवक

Tonk News: बनास नदी में फ्रेजर पुल के समीप पिकनिक मनाने आए युवक भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए नहाने उतरे लेकिन बाहर नहीं आ पाए और दूसरे को बचाने के चक्कर में वे डूब गए।
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Jun 11, 2025
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हादसे के बाद अस्पताल में जमा लोगों की भीड़। फोटो: पत्रिका

टोंक। बनास नदी में फ्रेजर पुल के समीप पिकनिक मनाने आए युवक भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए नहाने उतरे लेकिन बाहर नहीं आ पाए और दूसरे को बचाने के चक्कर में वे डूब गए। उन्हें बचाने के लिए पुरानी टोंक से युवा कार व बाइक पर दौड़े। मौके पर पहुंचने के बाद युवाओं ने बनास नदी में छलांग लगा दी।

एक के बाद एक सभी को बाहर निकाल लिया। इसके बाद पुलिस पहुंच गई। सभी को सआदत अस्पताल लेकर आए। जहां चिकित्सकों ने आठ को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद सआदत अस्पताल में लोगों की भीड़ उमड़ गई।

एसडीआरएफ भी बुलाई

सूचना के बाद पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान, एएसपी बृजेन्द्रसिंह, पुलिस उपाधीक्षक राजेश विद्यार्थी तथा सदर थाना प्रभारी जयमल सिंह बनास नदी पहुंचे। उन्होंने एसडीआरएफ भी बुला ली। इसके बाद सभी अधिकारी सआदत अस्पताल पहुंच गए।

कलक्टर आए जयपुर से

टोंक जिला कलक्टर डॉ. सौम्या झा के अवकाश पर जाने के चलते राज्य सरकार ने जयपुर जिला कलक्टर जितेंद्र कुमार सोनी को टोंक जिला कलक्टर का अतिरिक्त चार्ज सोमवार को ही दिया है। जैसे ही उन्हें बनास नदी में हुए हादसे का पता चला तो वो जयपुर से टोंक पहुंच गए। सआदत अस्पताल में जिला कलक्टर जितेंद्र कुमार सोनी, अतिरिक्त जिला कलक्टर रामरतन सौंकरिया, उपखंड अधिकारी हुक्मीचंद, तहसीलदार मानवेन्द्र जायसवाल समेत सभी पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। शाम के समय आइजी ओमप्रकाश भी पहुंचे।

बनास नदी में डूबे लोगों को बाहर निकालने वाले युवा।

इन्होंने बचाने के लिए लगाई छलांग

सोशल मीडिया पर डूबने की सूचना के बाद पुरानी टोंक खिड़की दरवाजा निवासी असलम, फैजान, अकबर, आफताब, फिरदौस, जुनेद, अमन, मुजफ्फर समेत अन्य कार व बाइक से बनास नदी की ओर दौड़ गए। कुछेक देर में ही सभी पहुंच गए और नदी में छलांग लगा दी। सभी को बाहर निकाल लिया।

मुझे लगा, पुरानी टोंक के हैं

दोपहर में बनास नदी किनारे खेत में पुरानी टोंक खिड़की दरवाजा निवासी छोटू देशवाली काम कर रहा था। बनास नदी में सन्नाटा था। दोपहर एक बजे कुछ लोग कार से फ्रेजर पुल पर आए। तीन जने तो खाना बनाने की तैयारी में जुट गए। वहीं 8 जने गर्मी से राहत पाने के लिए बनास नदी में उतर गए। करीब 15 मिनट में ही वे डूबने लगे। छोटू ने बताया कि उसे लगा कि डूबने वाले पुरानी टोंक क्षेत्र के हैं। ऐसे में उसने पुरानी टोंक में सोशल मीडिया से सूचना कर दी।

बिलख पड़े परिजन

सआदत अस्पताल में शवों को देखकर परिजन बिलख पड़े। उनके आंसू रुकने का नाम नहीं रहे थे। लोग उन्हें दिलासा दे रहे थे।

यह लोग पहुंचे अस्पताल

अस्पताल में शहर के आम लोगों के साथ कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष रामबिलास चौधरी, जिलाध्यक्ष हरिप्रसाद बैरवा, सरपंच संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष हंसराज फागणा, पूर्व विधायक अजीत मेहता, नगर परिषद की पूर्व सभापति लक्ष्मी जैन, भाजपा के प्रभु बाडोलिया, विष्णु शर्मा, जयपुर पार्षद उमर दराज, यूसुफ यूनिवर्सल, तरुण टिक्कीवाल आदि थे।

सरकार मृतकों के परिवारों के साथ

जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने कहा कि बनास नदी में हुई घटना से दुखी है। सरकार मृतकों के परिवार के साथ है। नियमानुसार मदद की जाएगी। इसके लिए प्रशासन से बात कर ली। आगे से ऐसी घटना नहीं हो। इसके लिए लोगों में जागरूकता लाएंगे। ऐसी घटनाएं कई सालों से हो रही है। हालांकि बोर्ड भी लगा हुआ है। अनजाने में हादसे होते हैं।

पायलट ने की प्रशासन से बात

सचिन पायलट ने कहा कि हादसे के बाद प्रशासन से बात की है। मृतक ज्यादा आमदनी वाले नहीं थे। जो भी योजनाएं उनके परिजनों को दी जाएगी। इसके लिए प्रशासन ने तैयारी कर ली है। परिजनों को राहत देने के लिए प्रशासन और हम काम कर रहे हैं। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए पूरे क्षेत्र में टेक्नीकल टीम को भेजकर सर्वे के लिए कहा है। नाकाबंदी, बोर्ड आदि लगाने को कहा है। पायलट ने कहा कि हादसों को लेकर सभी लोगों को जागरूक होना होगा।

Updated on:
11 Jun 2025 08:35 am
Published on:
11 Jun 2025 08:35 am