Student union elections 2019: छात्रसंघ चुनाव के लिए वोटिंग अवधि के दौरान कई बार बारिश होने से धीमी गति से मतदान हुआ। बारिश के चलते विद्यार्थी महाविद्यालय नहीं आ सके।
देवली। छात्रसंघ चुनाव 2019-20 के तहत मंगलवार को महाविद्यालय परिसर में मतदान हुए। इसमें 1711 मतदाताओं में से महज 765 मतदाताओं ने मताधिकार का प्रयोग किया। ऐसे में तय समय तक केवल 44.13 प्रतिशत ही मतदान हुआ। इस दौरान महाविद्यालय के भीतर भीलवाड़ा जिला पुलिस व बाहर टोंक पुलिस सुरक्षा के लिहाज से तैनात रही।
प्राचार्य बन्नालाल वर्मा ने बताया कि मंगलवार को हुए मतदान की गति बहुत धीमी रही। सुबह 9 बजे महज 2.34 प्रतिशत यानि 40 विद्यार्थियों ने मतदान किया। इसके बाद सुबह 10 बजे तक 7.89 प्रतिशत, 11 बजे 17.30 प्रतिशत, 12 बजे 29.28 व दोपहर 1 बजे तक 44.13 प्रतिशत विद्यार्थियों ने मतदान किया।
वोटिंग की धीमी गति का कारण मतदान अवधि के दौरान कई बार बारिश होना था। बारिश के चलते विद्यार्थी महाविद्यालय नहीं आ सके। हांलाकि छात्र नेता टैम्पू व अन्य चौपाहिया वाहनों से मतदाताओं को लाते रहे, इसके बावजूद मतदान का प्रतिशत पचास फीसदी से भी कम रहा।
इस दौरान देवली पुलिस उपाधीक्षक नानगराम मीणा, तहसीलदार रमेशचंद जोशी, देवली थाना प्रभारी नरेश कुमार शर्मा, घाड़ थाना प्रभारी घीसालाल, हनुमाननगर के निरीक्षक राजकुमार नायक सहित जहाजपुर, भीलवाड़ा से आया अतिरिक्त पुलिस बल मौजूद था।
बाहर खड़े पुलिसकर्मी थोड़ी-थोड़ी देर में छात्रों के हुजुम को राजकीय महाविद्यालय के बाहर व सडक़ से हटाते रहे। मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. वी. के. शर्मा ने बताया कि बुधवार सुबह 11 बजे महाविद्यालय परिसर में मतगणना होगी। इसी के साथ विजेताओं की घोषणा कर उन्हें शपथ दिलाई जाएगी। चुनाव परिणाम में माइक के जरिए सुनाया जाएगा। इसे लेकर महाविद्यालय प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी है।
विरोध के बाद भीतर गए प्रत्याशी- मंगलवार को हुए छात्रसंघ चुनाव में पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों ने नियम का हवाला देते हुए सभी प्रत्याशियों को महाविद्यालय के मुख्य द्वार पर खड़े रहने को कहा। जहां से वे मतदाताओं को रिझा रहे थे। जबकि इससे पहले द्वार के अंदर तक प्रत्याशी खड़े रहकर अपने समर्थन में मतदान की अपील करते थे।
इससे नाराज पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष व एनएसयूआइ नेता सुरेश मीणा की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने पुलिस अधिकारियों के समक्ष विरोध जताया तथा प्रत्याशियों को भीतर जाने की मांग रखी। तब जाकर पुलिस ने सभी प्रत्याशियों को महाविद्यालय के भीतर आने दिया गया।
उल्लेखनीय है कि महाविद्यालय में अध्यक्ष, महासचिव व संयुक्त सचिव पद के लिए मतदान हुआ है। उपाध्यक्ष पद के लिए अशीष बैरवा का पहले ही निर्विरोध निर्वाचन हो चुका। अध्यक्ष पद के लिए एबीवीपी की सायरी बैरवा व एनएसयूआई के मनराज मीणा की सीधी टक्कर है। लेकिन स्थानीय महाविद्यालय के गत चुनाव परिणामों में अधिकतर एनएसयूआइ के प्रत्याशियों का दबदबा रहा है।