उदयपुर

आंगनबाड़ी भवन का बरामदा धराशायी, निर्माण गुणवत्ता पर उठे सवाल

Aug 06, 2026
Rajasthan

राजसमंद. पीपरड़ा ग्राम पंचायत के शंकरपुरा स्थित आंगनबाड़ी केन्द्र का बरामदा अचानक भरभराकर गिर गया। गनीमत रही कि हादसे के समय वहां बच्चे या कोई अन्य व्यक्ति मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद भवन निर्माण की गुणवत्ता और जिम्मेदारों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं।
यह वही आंगनबाड़ी केन्द्र है जहां नन्हे बच्चों की किलकारियां गूंजती हैं और वे खेल-कूद सहित विभिन्न गतिविधियों में भाग लेते हैं। लेकिन जर्जर भवन ने बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। केन्द्र में वर्तमान में सात बच्चों का नामांकन है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता धर्मा कुंवर ने बताया कि भवन की दीवारों में करीब एक साल से दरारें आ रही थीं। इसकी जानकारी संबंधित लोगों को दी गई थी। वेदांता समूह की ओर से करीब एक साल पहले इसकी मरम्मत भी करवाई गई थी, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि फटी दीवारों का वीडियो बनाकर संस्कृत स्कूल के शिक्षक, ग्राम पंचायत सरपंच और विभागीय अधिकारियों को भेजा गया, जिसके बाद बच्चों को संस्कृत स्कूल में स्थानांतरित कर दिया गया। बताया गया कि इस भवन का निर्माण पीपरड़ा ग्राम पंचायत की ओर से करवाया गया था। निर्माण के दौरान भी गुणवत्ता को लेकर ध्यान देने की बात कही गई थी, लेकिन इसके बावजूद स्थिति नहीं सुधरी। अब बरामदा गिरने के बाद भवन निर्माण की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि समय रहते यदि जर्जर हिस्से की सुध ली जाती तो ऐसी स्थिति नहीं आती। फिलहाल बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए उन्हें अन्य स्थान पर भेज दिया गया है।

Updated on:
06 Aug 2026 06:01 am
Published on:
06 Aug 2026 06:01 am