
उदयपुर/ झाड़ोल. विषाक्त पदार्थ के सेवन से हुई विवाहिता की मौत का मामला रविवार को दूसरे दिन भी नहीं सुलझ सका। पीहर और ससुराल पक्ष के बीच समझौता वार्ता विफल होने से शव दूसरे दिन भी महाराणा भूपाल राजकीय चिकित्सालय के मुर्दाघर में पड़ा रहा। इधर, पुलिस स्तर पर दोनों पक्षों के बीच समझाइश के प्रयास जारी रहे। गौरतलब है कि ओगणा थाना क्षेत्र की थोबावाड़ा ग्राम पंचायत के काकरमाला गांव की एक विवाहिता की शुक्रवार को विषाक्त पदार्थ के सेवन से तबीयत बिगड़ गई थी। इसके बाद परिजनों ने उसे चिकित्सालय पहुंचाया, जहां दौराने उपचार उसने महाराणा भूपाल चिकित्सालय में दम तोड़ दिया था। सक्रिय रही पुलिसइधर, विवाहिता की मौत के बाद शव को मुर्दाघर में रखवाया गया। ससुराल पक्ष के परिजन पोस्टमार्टम कक्ष के बाहर दो दिनों से बैठकर पीहर पक्ष के आने की राह तक रहे हैं। इस बीच शनिवार को पीहर पक्ष के लोगों के तुरगढ़ से कांकरमाला पहुंचने की सूचना पर पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए करीब ६० लोगों को गांव से ६ किलोमीटर पहले झाड़ापीपला में ही रोक लिया। पुलिस उपअधीक्षक ओमप्रकाश चौधरी की उपस्थिति में ससुराल पक्ष को भी मौके पर बुलाया गया। लेकिन दोनों पक्षों में समझाइश के प्रयास विफल रहे।
डेढ़ लाख में निपटा मौताणा
झाड़ोल. एक दिन पूर्व दौराने उपचार वेलणिया निवासी बीमार नाबालिग की मौत का मामला रविवार को दोनों पक्षों के बीच हुए समझौते में एक लाख ५२ हजार के मौताणे पर निपटा। आरोप है कि वेलणिया निवासी एक युवक संबंधित नाबालिग को तीन माह पूर्व ही गोरणा फला से बहला-फुसलाकर लाया था। शनिवार को तबीयत बिगडऩे के बाद युवती ने झाड़ोल सीएचसी में दौराने उपचार दम तोड़ दिया था। मौत की सूचना पर रविवार सुबह युवती के परिजन हथियारों से लैस होकर वेलणिया को रवाना हुए। सूचना पर पुलिस ने बीच रास्ते में ही परिजनों में समझाइश के प्रयास किए। बाद में झाड़ोल थाने में दोनों पक्षों के बीच समझौता वार्ता का दौर शुरू हुआ। दोपहर बाद दोनों पक्षों में १ लाख ५२ हजार की मौताणा राशि पर मामला निपटा। गौरतलब है कि वेलणिया निवासी प्रकाश धांगी तीन माह पहले कोचला निवासी नाबालिग को भगाकर लाया था।