
मो.इलियास/उदयपुर . शहर में पर्यटकों की बूम के साथ ही लपके सक्रिय हो गए। वे शहर के प्रमुख प्रवेश व पर्यटन स्थलों पर खड़े होकर बेधडक़ पर्यटकों को परेशान कर रहे हैं। वे होटल में ठहरने व खरीदारी के नाम पर उन्हें ठग रहे हैं। प्रमुख पर्यटन स्थलों पर लपकों की भरमार होने के बावजूद उनकी धरपकड़ के लिए पर्यटन पुलिस के पास नफरी का आधा जाप्ता भी नहीं है, वहीं पर्यटन विभाग की ओर से सुरक्षा के लिए कोई साधन नहीं हैं।इन दिनों लेकसिटी में गुजरात, महाराष्ट्र व मध्यप्रदेश के पर्यटकों के साथ ही विदेशी सैलानियों की भरमार है। पर्यटकों की बूम के चलते होटल, गेस्ट हाउस, धर्मशालाएं सब फुल हैं। ऐसे में गलियों में बनी छोटी-मोटी होटल, गेस्ट हाउस में ठहराने एवं पर्यटकों को खरीदारी व अच्छे रेस्टोरेंट के नाम पर लपकें सक्रिय हैं। सुखेर, गोवर्धनविलास, पिंडवाड़ा हाइवे व अन्य मार्गों पर ये बाइक लेकर खड़े रहते हैं। पर्यटकों की गाड़ी देखते ही ये उसका पीछा करते हैं। शहर में घुसने के बाद उनके पीछे लगकर उन्हें बड़े-बड़े शोरूम में अन्य में खरीदारी के लिए रिझाते हैं। कमीशन के फे र में यह खरीदारी में भी उनके साथ ठगी करते हैं। इतना ही उन्हें पर्यटक स्थलों के इतिहास भी गलत बता कर पर्यटकों को गुमराह करते हैं।
स्वीकृत 50 जने, नफरी महज 19
पर्यटन थाने में 50 की नफरी स्वीकृत है लेकिन वर्तमान में आधा भी जाप्ता भी नहीं है। एक सीआई समेत तहत 19 जने ड्यूटी बजा रहे हैं जिनमें तीन महिला कांस्टेबल हैं। पर्यटकों की तदाद के सामने यह जाप्ता बहुत कम है। ये जवान दूधतलाई, सहेलियों की बाड़ी, गणगौर घाट, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन पर सुबह से शाम तक तैनात रहते हैं। पर्यटन स्थलों व मार्गों पर लपकों के सक्रिय होने के बावजूद कुछ नहीं कर पाते।