
Ujjain Khade Hanumanji relocation:उज्जैन के सतीगेट स्थित करीब 200 साल पुराने खड़े हनुमानजी मंदिर को सड़क चौड़ीकरण के लिए हटाने की छह दिन से चल रही कवायद एक ऐसे मोड़ पर आकर रुक गई है, जहां आगे बढ़ने से पहले विरासत को समझना जरूरी हो गया है। प्रशासन ने मंदिर का बाहरी ढांचा हटा दिया, लेकिन जमीन में गहराई तक जुड़ी प्रतिमा को नहीं हटाया जा सका। प्रतिमा उठाने के लिए की गई खुदाई में जमीन के भीतर लॉकिंग संरचना मिली है। प्रतिमा के शिला से जुड़े होने की भी संभावना है। इसके बाद प्रशासन ने कार्रवाई रोक दी है।
अब प्रतिमा की स्कैनिंग कर पता लगाया जा रहा है कि उसे बिना क्षति के बाहर निकाला जा सकता है या नहीं। आइआइटी व पुरातत्व विशेषज्ञों की राय के बाद ही अगला कदम तय होगा। मंदिर को स्थानांतरित करने का काम 4 सितंबर से शुरू हुआ था। प्रतिमा को फोम और कपड़ों से सुरक्षित किया और क्रेन से उठाने का प्रयास हुआ। लेकिन तीन फीट तक जमीन में धंसी प्रतिमा को निकालना संभव नहीं हुआ। अब इसके लिए विशेषज्ञों को बुलाया गया है।
बता दें कि, खड़े हनुमानजी के विस्थापन कार्रवाई की वीडियो वायरल होने के बाद बाबा के दर्शन के लिए प्रति दिन औसत से ज्यादा श्रद्धालु सतीगेट पहुंच रहे है। गुरूवार सुबह भी भक्तों का हुजूम बाबा हनुमानजी के दर्शन करने पहुंचा।
प्रतिमा विस्थापन के लिए प्रशासन ने नया तरीका अपनाया। पुलिस बैंड-बाजा लेकर सतीगेट स्थित 'खड़े हनुमानजी' को मनाने के लिए पहुंची। पुलिसकर्मियों ने बैंड के माध्यम से हनुमान चालीसा सहित भगवान के भजन की धुन बजाई। पुलिस ने हाथ जोड़कर बाबा से अपनी जगह छोड़ देने का आग्रह किया। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
खड़े हनुमानजी मंदिर क्षेत्र के पास से एक महिला का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। उज्जैन में खड़े हनुमान मंदिर में दर्शन करने आई एक महिला भक्ति के भाव में अचानक बह गई। महिला जोर जोर से जय हनुमान और जय सती मां के जयकारे लगाने लगी। महिला तीव्र आवाज से मंदिर को पुजारी को बुलाने लगी। महिला बोली- कौन है पुजारी? सामने आओ… इस मंदिर को मत हटाओ…। महिला की भक्ति देखकर मंदिर के आस पास खड़े लोगों ने भी हनुमान जी के जय कारे लगाने शुरू कर दिए।
हनुमानजी के दर्शन करने आई एक और महिला भक्त सावित्री शर्मा ने सरकार से विस्थापन कार्रवाई को रोकने अपील की। महिला ने हाथ जोड़कर सरकार से विनती करते हुए कहा- आपने इतना परेशान किया बाबा को। अब बाबा को परेशान करना बंद कर दो। नहीं तो आप बहुत पछताओगे। महिला ने चेतावनी दी कि बाबा ने अब तक कोई क्षति नहीं पहुंचाई है लेकिन अब उन्होंने क्षति पहुंचाने का आदेश दे दिया है। महिला ने कहा कि आसपास के मकान तोड़ दो लेकिन मंदिर को यही रहें दो इन्हें यहां से मत हटाओं।
यहां देखे दोनों भक्तों का वीडियो। ….
यह प्रतिमा करीब डेढ़ फीट नीचे लॉकिंग पद्धति से जुड़ी है। इससे संकेत मिला कि प्रतिमा को स्थापित करने के पीछे कोई ठोस तकनीकी तरीका रहा होगा। अब वैज्ञानिक तरीके से इसकी संरचना को समझा जा रहा है। यह प्रतिमा मालवा के बेसाल्ट पत्थर की है। इसकी शिल्पकला परमारकालीन प्राचीन परंपरा से जुड़ी है। - प्रो. डॉ. रमण सोलंकी, पुरातत्वविद्
इस मामले में हर चरण की तकनीकी जांची जा रही है। आइआइटी इंदौर की टीम ने मंगलवार को विशेष स्कैनिंग डिवाइस से जमीन की गहराई और प्रतिमा की संरचना की जांच की। यहां सवाल सिर्फ प्रतिमा को हटाने का नहीं, बल्कि उसे बिना नुकसान पहुंचाए सुरक्षित रखने का भी है। -अभिलाष मिश्रा, नगर