MP News: लड़की भगाने की रंजिश ने इंसानियत की सारी हदें पार कर दीं। नाबालिग को सबक सिखाने के नाम पर अपमानित किया गया, उसका मुंडन कराया गया और बेरहमी से पीटा गया। सामने आए वीडियो ने पूरे मामले की सच्चाई उजागर कर दी।
Ujjain Minor Paraded Naked Case:उज्जैन के पंवासा क्षेत्र के शंकरपुर गांव में रंजिश और लड़की को भगाकर ले जाने के आरोप ने गुरुवार को बर्बर बदले का रूप ले लिया, जिससे इंसानियत ही शर्मसार हो गई। नाबालिग को पहले बेरहमी से पीटा गया, फिर जबरन मुंडन कर कपड़े फाड़ दिए गए और निर्वस्त्र हालत में करीब डेढ़ किलोमीटर तक गांव में घुमाया गया। जान से मारने की धमकियां दी जाती रही और तमाशबीन भीड़ चुपचाप सब देखती रही।
हैरान करने वाली बात यह रही कि यह पूरा घटनाक्रम पंवासा पुलिस के संज्ञान में आने के बावजूद नाबालिग और आरोपियों को थाने ले जाकर महज समझाइश देकर छोड़ दिया गया। मामले में टर्न तब आया जब पीड़ित शुक्रवार को अपनी मां के साथ पुलिस कंट्रोल रूम पहुंचा और अधिकारियों को बर्बरता के वीडियो दिखाए। वीडियो देखकर अधिकारी भी चौक गए। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर हरकत में आई पंवासा पुलिस ने नाबालिग सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया, जुलूस निकाला और कोर्ट में पेश किया, जहां से सभी को जेल भेज दिया गया। (MP News)
शंकरपुर निवासी नाबालिग शुक्रवार को मां के साथ पुलिस कंट्रोल रूम पहुंचा। उसने बताया कि तीन माह पूर्व वह पड़ोस में रहने वाली लड़की को प्रेम प्रसंग के चलते अपने साथ लेकर चला गया था। इसके बाद पंवासा पुलिस ने ने दोनों को पकड़ा और उसे जेल भेज दिया था, जबकि लड़की को बालिका सुधारगृह भेजा था। इस बीच लड़की के घर वालों ने तोड़फोड़ कर मुझे जान से मारने की धमकी दी थी। इसकी वजह से एक माह पूर्व जेल से छूटने के बाद वह विकलांग मां को लेकर देवास में रहने वाली मौसी के यहां चला गया था।
पिछले दिनों मां की तबियत खराब होने और रुपए की जरूरत पड़ने पर गुरुवार को उज्जैन आया था। यहां उसे लड़की के परिवार वालों ने घेर लिया और मारपीट की। कपड़े फाड़ दिए और निर्वस्त्र कर डेढ़ किलोमीटर पैदल घुमाते रहे। इस बीच भी कुछ लोग मारपीट करते रहे। इसकी जानकारी पंवासा पुलिस को लगी तो पुलिस पहुंची और उसे व आरोपियों को थाने ले गई। यहां पुलिसकर्मियों ने सभी को समझाइश देने के बाद छोड़ दिया।
पीड़ित की दिव्यांग और वृद्ध मां ने बताया कि बेटे को लड़की के साथ पुलिस ने पकड़ा था, तब उसे जेल भेज दिया था। इसके बाद भी लड़की परिवार वालों ने उसके साथ की और घर घर में तोड़फोड़ कर पूरा घर उजाड़ दिया। आरोपियों के डर के मारपीट की से वह देवास में रहने वाली बहन के यहां चली गई थी परंतु बेटा गुरुवार को एक हजार रुपए लेने उज्जैन पहुंचा तो आरोपियों ने उसे पकड़ लिया।
एएसपी आलोक शर्मा के अनुसार आरोपी भोला बैरागी पिता घनश्यामदास बैरागी, सीमा पति भोला बैरागी, रुद्राक्ष बैरागी पिता घनश्याम बैरागी और नाबालिग के खिलाफ बीएनएस की धारा 170, 191(2) के तहत कार्रवाई कर सभी को जेल भेजा है। अन्य आरोपियों की वीडियो से पहचान कर रहे हैं।
नाबालिग ने बताया कि जब आरोपी उसे क्षेत्र में नग्न कर घुमा रहे थे, तब कई लोगों ने वीडियो बनाए। उसे किसी ने बचाने, छुड़ाने की कोशिश नहीं की। उसे रस्सी से बांध रखा था। कुछ वीडियो भी उसने पुलिस अधिकारियों को दिए हैं। (MP News)