वाराणसी

GST की जटिलताओं ने मारा, पर्यटन उद्योग को भी नहीं मिला सहारा

नियमों में बदलाव ने बढ़ायी परेशानी, लघु व छोटे उद्योगों को सबसे अधिक नुकसान
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Updated: 30 Jun 2018, 8:37 PM IST
GST
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वाराणसी. पीएम नरेन्द्र मोदी सरकार ने व्यापार को सुगम बनाने के लिए ही एक जुलाई से जीएसटी लागू किया था। केन्द्र सरकार ने उस समय वन नेशन वन टैक्स का नारा दिया था। जीएसटी को लेकर विरोधी दलों ने समय-समय पर केन्द्र सरकार पर हमला भी बोला था। जीएसटी लागू करने के साथ भर बाद उद्योग जगत में लाभ या नुकसान हुआ है इसको लेकर अपने क्षेत्र के विशेषज्ञों ने खुल कर अपनी बात कही।
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इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA) के चेयरमैन आरके चौधरी ने पत्रिका को बताया कि जीएसटी को लेकर इतनी जटिलता है कि व्यापारियों की परेशानी बढ़ गयी है। लघु व मध्यम उद्योगपतियों को जीएसटी से सबसे अधिक नुकसान पहुंचा है जबकि बड़े व्यापारी को दिक्कत नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि वन नेशन वन टैक्स के नारे के साथ जीएसटी को लागू किया गया था लेकिन अभी भी जीएसटी के अलावा भी कई तरह के टैक्स लग रहे हैं उदहारण के लिए मंडी टैक्स, पेट्रोलियम पर लगने वाला कर आदि शामिल है। उन्होंने कहा कि जीएसटी की दर बहुत अधिक है साथ ही सरकार को जीएसटी को लेकर जो फीडबैक मिलता है उसके अनुसार जीएसटी काउंसलिंग की बैठक मे नियमों में बदलाव भी किया जाता है इसके चलते व्यापारियों को भविष्य की व्यापारिक रणनीति बनाने में दिक्कत होती है। श्री चौधरी ने कहा कि यदि सरकार जीएसटी को सरल कर दे तो सभी को इसका लाभ मिलने लगेगा।
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जीएसटी के बाद भी टूरिज्म सस्ता नहीं हुआ
टूरिज्म वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल मेहता ने बताया कि जीएसटी लागू होने के बाद भी पर्यटन सस्ता नहीं हो पाया है जबकि यह माना जा रहा था कि पर्यटन सस्ता होगा तो पर्यटको की संख्या भी बढ़ेगी। जीएसटी से होटल व्यवसायियों को फायदा हुआ है। पहले होटल व्यवसायियों को कई तरह के टैक्स देने पड़ते थे जिसकी दर अधिक थी लेकिन अब टैक्स से कुछ राहत मिली है इसलिए जीएसटी का होटल व्यवसायियों को फायदा मिला है लेकिन टूर ऑपरेटर को कोई लाभ नहीं हुआ। एक पर्यटक कई जिलों में जाता है और टूर ऑपरेटर एक जिले से दूसरे जिले में जाता है तो फिर से उसे टैक्स देना पड़ता है। निर्धारित टैक्स से अधिक दिया हुआ पैसा बाद में रिफंड हो जाता है, जिसके लिए कागजी लिखा पढ़ी बहुत ध्यान से करनी पड़ती है यदि एक चीज भी छूट जायेगा तो टूर ऑपरेटर को नुकसान हो सकता है। राहुल मेहता ने कहा कि जीएसटी को जितना अधिक सरल किया जायेगा। उसका लाभ व्यापारी से लेकर उपभोक्ता को भी मिलेगा।
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