रात्रि प्रवास के दौरान कर सकते हैं शहर का भ्रमण, मुख्यमंत्री के रिकॉर्ड तोड़ दौरे के बाद भी नहीं बदल रही शहर की स्थिति
वाराणसी. पीएम नरेन्द्र मोदी के संसदीय क्षेत्र बनारस में विकास कार्य का हाल जानने के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ फिर से आ रहे है। 28 अक्टूबर को शाम चार बजे सीएम योगी आयेंगे। 29 अक्टूबर की सुबह आठ बजे वापस चले जायेंगे। विकास कार्य के साथ कानून व्यवस्था की समीक्षा करने के साथ शहर का रात्रि में भ्रमण भी कर सकते हैं। सीएम योगी के आगमन को देखते हुए शहर की स्थिति सुधारने में विभिन्न विभाग के लोग जुट गये हैं।
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सीएम योगी आदित्यनाथ ने बनारस का रिकॉर्ड तोड़ दौरा किया है लेकिन शहर की स्थिति बहुत बदली नहीं है। गंदगी, खस्ताहाल सड़क, अपराध नियंत्रण में स्थानीय प्रशासन फेल साबित हो रहा है। सीएम योगी आदित्यनाथ के आगमन का प्रोटोकॉल आ चुका है। जिला प्रशासन ने संभावित रात्रि भ्रमण को देखते हुए सड़कों को ठीक करने के साथ डिवाइडर का रंग रोगन शुरू हो गया है। सीएम योगी के आदित्यनाथ के एजेंडे पर काशी विश्वनाथ कॉरीडोर भी होगा। इसको लेकर हुए विवाद के बाद से राज्य सरकार ने योजना को लेकर विशेष सतर्कता बरत रही है।
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पीएम मोदी का भी होना है आगमन, सीएम योगी देखेंगे योजनाओं का हाल
लोकसभा चुनाव 2019 को देखते हुए पीएम नरेन्द्र मोदी का अगले माह आगमन हो सकता है। कई योजनाएं पूर्ण हो चुकी है जिसका उद्घाटन हो सकता है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कुर्सी संभालने के बाद बनारस का दर्जनों बार दौरा किया है इसके बाद भी अधिकारियों ने योजनाओं की रफ्तार नहीं बढ़ायी है जिसका नुकसान बीजेपी को उठाना पड़ सकता है।
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बनारस के विकास के नाम पर लड़ा जायेगा लोकसभा चुनाव
लोकसभा चुनाव बनारस के विकास के नाम पर लड़ा जायेगा। बीजेपी ने इसकी सारी तैयारी की है। राहुल गांधी, अखिलेश यादव व मायावती का महागठबंधन भी बनारस के विकास पर हमला कर पीएम मोदी को घेरने में जुटेगा। ऐसे में बीजेपी चाहती है कि चुनाव से पहले योजना पूर्ण हो जाये। जनवरी में बनारस में प्रवासी सम्मेलन भी होना है जिसके पहले भी शहर की व्यवस्था सुधारने की चुनौती है।
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