क्लिनिक ने इस बात को कबूल कर लिया है कि, महिला ने अपने प्रेमी के स्पर्म से पति का स्पर्म बदल दिया था।
नई दिल्ली। रूस में एक पति के साथ हो रही नाइंसाफी पर कोर्ट उसके साथ खड़ा होकर उसे इंसाफ दिलाने में कामियाब हुआ। आपको जानकारी के लिए बता दें कि ये मामला स्पर्म की हेराफेरी का है। हुई जांच में सामने आया है कि आईवीएफ नाम की एक क्लिनिक ने पत्नी के साथ के षडयंत्र में मिलकर पति को अंधेरे में रखा। आईवीएफ क्लिनिक को स्पर्म में हेरफेर करने के बदले भारी मुआवजा देना पड़ा है। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, क्लिनिक ने कोर्ट में अपनी गलती स्वीकार की और कोर्ट को बताया कि ट्रीटमेंट के दौरान पति के स्पर्म को महिला के प्रेमी के स्पर्म से बदला गया था। क्लिनिक ने इस बात को कबूल कर लिया है कि, महिला ने अपने प्रेमी के स्पर्म से पति का स्पर्म बदल दिया था और उसकी मंशा थी कि पूरे मेडिकल का खर्चा पति ही उठाए।
याना एनोहिन नाम की इस महिला पर अपने मैक्सिम एनोहिन से धोखाधड़ी का आरोप लगा है। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, बेटे के जन्म के एक साल बाद दंपती के आपसी संबंध बिगड़ने लगे। संबंधों में आई खटास के बाद याना ने मैक्सिम को बच्चे के जन्म का सच बताया। याना ने बताया कि उसने ट्रीटमेंट के खर्चे से बचने के लिए यह हेरफेर की। याना की मंशा ही कि उसके बच्चे का पिता उसका प्रेमी ही हो लेकिन सारा खर्चा पति ही उठाए। मैक्सिम के साथ हुई इस नाइंसाफी के बाद कोर्ट ने क्लिनिक को हर्जाने के तौर पर मैक्सिम को मुआवजा देने को कहा है। वहीं, मैक्सिम का कहना है की उनके साथ हुए इस धोखे से वे बड़े आहत हैं। उनका कहना है कि, धोखे में ही सही मेरा टिमोफी (जो उनका जैविक बेटा नहीं है), के साथ गुज़रा ये एक साल बेहद ही अच्छा बीता था। मैक्सिम ने बताया उनके साथ हुए इस धोखे से वे एकदम टूट चुके हैं।