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किम जोंग उन से दोस्ती का असर? अमेरिका-दक्षिण कोरिया में बढ़ी दूरी, डोनाल्ड ट्रंप ने सैन्य अभ्यास घटाने का दिया आदेश

Donald Trump on South Korea military exercises: डोनाल्ड ट्रंप ने किम जोंग उन से अच्छे संबंधों और सैन्य अभ्यासों के भारी खर्च का हवाला देते हुए दक्षिण कोरिया के साथ संयुक्त सैन्य अभ्यास घटाने का आदेश दिया।
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Aug 17, 2026
US South Korea relations.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन (Photo Credit- IANS)

Donald Trump US South Korea Military Exercises: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दक्षिण कोरिया के साथ होने वाले संयुक्त सैन्य अभ्यासों को बड़े स्तर पर कम करने का आदेश दिया है। ट्रंप ने इस फैसले के पीछे उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन के साथ अपने 'बहुत अच्छे संबंधों' और इन सैन्य अभ्यासों पर होने वाले भारी खर्च का हवाला दिया है। यह फैसला ऐसे समय आया है जब अमेरिका और दक्षिण कोरिया का वार्षिक उलची फ्रीडम शील्ड सैन्य अभ्यास शुरू होने वाला था।

किम से दोस्ती और भारी खर्च का दिया हवाला

ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर कहा कि वह लंबे समय से दक्षिण कोरिया के साथ संयुक्त सैन्य अभ्यासों में अमेरिका की भागीदारी से खुश नहीं हैं। उनके मुताबिक, इन अभ्यासों पर काफी पैसा खर्च होता है और इसका बड़ा हिस्सा अमेरिका वहन करता है। ट्रंप का यह भी कहना है कि ऐसे अभ्यास उत्तर कोरिया को अनुचित और शत्रुतापूर्ण संकेत देते हैं।

ट्रंप ने अपने फैसले को किम जोंग उन के साथ अपने संबंधों से भी जोड़ा। उन्होंने कहा कि उत्तर कोरियाई नेता के साथ उनके अच्छे संबंध हैं। उनके राष्ट्रपति रहने के दौरान उत्तर कोरिया ने अमेरिका के प्रति खतरा पैदा नहीं किया। सम्मानजनक व्यवहार किया। डोनाल्ड ट्रंप और किम के बीच पहले कार्यकाल में कई मुलाकातें हुई थीं। दोनों नेताओं के बीच बातचीत के जरिए परमाणु तनाव कम करने की कोशिश भी हुई थी।

ईरान के मुद्दे पर दक्षिण कोरिया से भी नाराजगी

इस फैसले में ईरान का मुद्दा भी अहम नजर आ रहा है। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्होंने हाल ही में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति से ईरान के परमाणु कार्यक्रम को खत्म करने के अमेरिकी प्रयास में शामिल होने को कहा था, लेकिन सियोल ने इससे इनकार कर दिया। ट्रंप ने दक्षिण कोरिया के इस रुख का भी सार्वजनिक तौर पर जिक्र किया।

हालांकि, इस फैसले का मतलब यह नहीं है कि अमेरिका-दक्षिण कोरिया का पूरा सैन्य सहयोग खत्म हो रहा है। दोनों देशों के बीच दशकों पुराना सुरक्षा गठबंधन है और दक्षिण कोरिया में बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिक तैनात हैं। संयुक्त सैन्य अभ्यासों का मुख्य उद्देश्य उत्तर कोरिया के संभावित हमले और उसके बदलते सैन्य खतरों से निपटने के लिए दोनों सेनाओं की तैयारी मजबूत करना है।

इस बार के उलची फ्रीडम शील्ड अभ्यास में करीब 18,000 दक्षिण कोरियाई सैनिकों के शामिल होने की योजना थी। अभ्यास में ड्रोन, जीपीएस बाधित करने की क्षमता और साइबर हमलों जैसे उत्तर कोरिया से जुड़े नए खतरों से निपटने की तैयारी पर भी जोर दिया जाना था।

उत्तर कोरिया सैन्य अभ्यास का करता रहा है विरोध

उत्तर कोरिया लंबे समय से अमेरिका-दक्षिण कोरिया के सैन्य अभ्यासों का विरोध करता रहा है और इन्हें अपने खिलाफ युद्ध की तैयारी बताता है। हाल में प्योंगयांग ने इन अभ्यासों को लेकर कड़ी चेतावनी भी दी थी। ऐसे में ट्रंप का सैन्य अभ्यासों को कम करने का फैसला क्षेत्रीय सुरक्षा रणनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है।

Updated on:
17 Aug 2026 07:09 am
Published on:
17 Aug 2026 07:06 am