
इज़रायल (Israel) और फिलिस्तीनी आतंकी संगठन हमास (Hamas) के बीच युद्ध जारी है और इसके खत्म होने के फिलहाल कोई आसार नज़र नहीं आ रहे हैं। गाज़ा (Gaza) पर इज़रायली सेना के हमले रुकने का नाम नहीं ले रहे हैं। इज़रायली सेना के हमलों में सिर्फ हमास आतंकी ही नहीं, बल्कि निर्दोष लोग भी मारे जा रहे हैं।
गाज़ा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी कि उत्तरी गाज़ा में इज़रायली सेना के हमले में बशीर अल-बुर्श (Basir al-Bursh) की मौत हो गई है। बशीर स्वास्थ्य मंत्रालय के डायरेक्टर जनरल मुनीर अल-बुर्श (Munir al-Bursh) का बेटा था।
गाज़ा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी कि जिस हमले में बशीर मारा गया, वो इज़रायली सेना ने जबालिया रिफ्यूजी कैंप के पश्चिम में स्थित अज़-ज़हरा इलाके में हुआ। बशीर उन तीन लोगों में से एक हैं, जिनकी आज गाज़ा में अलग-अलग इज़रायली हमलों में मौत हो गई।
हमास द्वारा इज़रायल पर 7 अक्टूबर 2023 को किए गए घातक हमले के बाद इजरायली सेना ने गाज़ा में सैन्य अभियान शुरू किया। इज़रायल की सैन्य कार्रवाई का प्रमुख लक्ष्य हमास का खात्मा है। हालांकि अगर हमास हथियार डाल दे और सरेंडर कर दे, तो इज़रायल युद्ध खत्म कर देगा।
इज़रायल का मानना है कि हमास की सैन्य क्षमता को खत्म किए बिना देश की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं हो सकती। हमास के पास कई रॉकेट्स, भूमिगत सुरंगें (टनल नेटवर्क), हथियार भंडार और प्रशिक्षित आतंकी हैं, जिन्हें इज़रायल पूरी तरह खत्म करना चाहता है। अभी तक की सैन्य कार्रवाई में इज़रायल ने हमास की सैन्य क्षमता को काफी हद तक खत्म कर दिया है, लेकिन इसका पूरी तरह अंत नहीं हुआ है।
इज़रायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू (Benjamin Netanyahu) साफ कर चुके हैं कि गाज़ा से उनकी सेना तब तक नहीं हटेगी जब तक हमास अपने हथियार नहीं डाल दे और गाज़ा के शासन से पूरी तरह हट नहीं जाए। नेतन्याहू कह चुके हैं कि हमास का निरस्त्रीकरण युद्ध को पूरी तरह से खत्म करने के लिए बेहद ज़रूरी है जिससे भविष्य में कभी भी इज़रायल पर 7 अक्टूबर 2023 को हुए हमले जैसा कोई भी हमला न हो और इज़रायल पर किसी तरह का कोई खतरा न रहे।