
सीरिया (Syria) में विद्रोही आतंकी समूह हयात तहरीर अल-शम (एचटीएस) ने तख्तापलट कर दिया है। अपनी जान बचाने के लिए सीरियाई राष्ट्रपति बशर अल-असद (Bashar al-Assad) को रूस (Russia) में शरण लेनी पड़ी है। बशर के सत्ता से बाहर होने के बाद इज़रायल (Israel) ने सीरिया में एयरस्ट्राइक्स शुरू कर दिए थे और सैंकड़ों हवाई हमले करते हुए बड़ी संख्या में सीरिया में सैन्य ठिकानों, हथियारों, फाइटर जेट्स, एयरबेस, मिलिट्री बेस, मिलिट्री व्हीकल्स, मिसाइलों, एयरपोर्ट्स, रडार, मिलिट्री सिग्नल स्टेशन और गोला-बारूद डिपो को तबाह कर दिया है। इस बीच एचटीएस के नेता अबू मोहम्मद अल-जोलानी (Abu Mohammad al-Jolani) ने भी कहा था कि देश में तख्तापलट के बाद अब इज़रायल के पास सीरिया में एयरस्ट्राइक्स करने का कोई बहाना नहीं बचा है। जोलानी ने इज़रायल को ऐसा न करने की चेतावनी भी दी थी। लेकिन लगता है इज़रायल पर उस चेतावनी का कोई असर नहीं पड़ा है।
देर रात इज़रायली सेना ने एक बार फिर एयरस्ट्राइक्स करते हुए सीरिया को दहला दिया। इज़रायली सेना ने सीरिया में कई जगहों पर एयरस्ट्राइक्स की। सीरिया में इज़रायली कार्रवाई के लिए पीएम बेंजामिन नेतन्याहू भी ग्रीन सिग्नल दे चुके हैं। बशर के सत्ता से हटने के बाद से अब तक इज़रायली सेना सीरिया में 800 से ज़्यादा एयरस्ट्राइक्स कर चुकी है।
इज़रायल की सीरिया पर की गई एक एयरस्ट्राइक इतनी जोर की थी कि जिस इलाके पर हमला हुआ, वहाँ भूकंप आ गया। इस भूकंप की रिक्टर स्केल पर तीव्रता 3.0 बताई जा रही है।
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