
Missile Attack On Tanker In Hormuz : ईरान और अमेरिका के बीच शांति समझौते के बावजूद अज्ञात मिसाइल ने मंगलवार को होर्मुज जलडमरूमध्य के पास ओमान के किनारे एक तेल टैंकर को टक्कर मार कर उसमें आग लगा दी। अमेरिका का दावा है कि ईरान ने यह हमला किया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस ने कतर के स्वामित्व वाले तेल से लदे एलएनजी वाहक पोत अल रेकाय्यात पर टैंकर पर हुए हमले की सूचना दी है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह पोत कतर की सरकारी शिपिंग कंपनी नकीलात के स्वामित्व में था और ऐसा प्रतीत होता है कि यह अपने ट्रांसपोंडर चालू किए बिना यात्रा कर रहा था। यह घटना ईरान द्वारा जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों को केवल स्वीकृत मार्गों का उपयोग करने की चेतावनी देने के बाद घटी है।
उधर ईरान ने जहाजों को 'गोलीबारी के लिए तैयार' रहने के लिए कहा है। मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि ईरान के रिवोल्युशनरी गार्ड्स ने वीकएंड में समुद्री रेडियो के माध्यम से जहाजों को चेतावनी दी किहमारी मिसाइलें और ड्रोन आप पर हमला करने के लिए तैयार हैं।
ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्ला अली खामेनेई के जनाजे में ईरान के जनसमूह द्वारा अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जान से मारने की आवाजें गूंजने और ट्रंप की तेहरान को खत्म करने की धमकी देने के बाद सीजफायर के बावजूद दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया है। यह तनाव ही दोनों पक्षों के बीच गुस्से का कारण बना है। दरअसल वाशिंगटन और तेहरान के बीच शांति समझौता होने के बावजूद, नए सिरे से तनाव और चेतावनियां सामने आई हैं, जो युद्ध फिर से शुरू होने की संभावना की ओर इशारा कर रही हैं।
यह घटना ट्रंप की ओर से ईरान में 'काम पूरा करने' की चेतावनी जारी करने के कुछ घंटों बाद घटी। ट्रंप ने सोमवार को व्हाइट हाउस में कहा, 'हम किसी न किसी तरह जीतेंगे। हम या तो समझौता करेंगे या काम पूरा करेंगे - और काम पूरा करना मुश्किल नहीं होगा।' उन्होंने यह भी कहा कि इसके बावजूद वह समझौता करना पसंद करेंगे।
हम उनके पुलों को एक घंटे में गिरा सकते हैं। मैं समझौता करना पसंद करूंगा क्योंकि मैं 91 मिलियन लोगों को प्रभावित नहीं करना चाहता। अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान-अमेरिका समझौते का जिक्र करते हुए कहा कि उसे 'परमाणु धूल' में मिल जाएंगे और कोई परमाणु हथियार नहीं होंगे।
हालांकि होर्मुज जलडमरूमध्य में ओमान के लिमाह के पास एक टैंकर पर हुए ताजा हमले के पीछे कौन था, इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन ईरान पर शक है, जो ओमान के किनारे के करीब एक मार्ग पर जहाजों पर हमले कर उनका पीछा कर रहा है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, हमले से पहले ईरान के बयान में कहा गया था, "होर्मुज जलडमरूमध्य में ईरान के नौवहन प्रोटोकॉल का पालन न करने, निर्धारित मार्ग से भटकने या अवहेलना करने पर सशस्त्र बल तत्काल और बलपूर्वक कार्रवाई करेंगे, जिससे उल्लंघन करने वाले जहाजों की सुरक्षा खतरे में पड़ जाएगी। "
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इससे पहले दो व्यापारिक जहाजों पर ईरानी मिसाइलों से हमला किया गया था, लेकिन उसने उन जहाजों के नाम नहीं बताए।
होर्मुज जलडमरूमध्य में टैंकर में आग लगने से वार्ता में नया तनाव पैदा हो गया है, जिससे स्थायी शांति की उम्मीदें धूमिल होती हुई नजर आ रही हैं। यह नया तनाव ऐसे समय सामने आया है जब ईरान अपने सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई का अंतिम संस्कार कर रहा है, जिनकी इस साल फरवरी में अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले में अचानक हत्या कर दी गई थी, इसी के बाद युद्ध शुरू हुआ था।
बहरहाल दोनों देशों की तरफ से ये नई चेतावनियां और तनाव ऐसे समय में सामने आए हैं जब जहाजों को बिना शुल्क लिए होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति देने वाला 60 दिनों का अंतरिम समझौता चल रहा है। हालांकि, तेहरान का कहना है कि उसे जहाजों के मार्गों को नियंत्रित करना होगा और बाद में आवागमन के लिए शुल्क लगाना होगा।