विदेश

Bangladesh Elections: किन चुनावी वादों पर मिली तारिक रहमान को बंपर जीत, कभी कहा जाता था डार्क प्रिंस

बांग्लादेश में तारिक रहमान की पार्टी BNP को बंपर जीत मिली। उनका पीएम बनना लगभग तय है। एक समय उन्हें बांग्लादेश का डार्क प्रिंस भी कहा जाता था।

2 min read
Feb 13, 2026
तारिक रहमान, BNP नेता (फोटो-@AIRNewsHindi)

Bangladesh Elections: बांग्लादेश में हुए चुनाव में BNP को बंपर जीत मिली है। पार्टी ने 299 सीटों वाली जतिया (संसद) में 200 का आंकड़ा पार कर लिया है। BNP अध्यक्ष तारिक रहमान का देश का अगला प्रधानमंत्री बनना लगभग तय है। बीएनपी ने इस चुनाव में काफी लोकलुभावन वादे किए थे। इसका सुखद परिणाम अब पार्टी को देखने को मिल रहा है।

ये भी पढ़ें

Bangladesh Elections: चुनाव में BNP ने लगाई डबल सेंचुरी, पाकिस्तान समर्थित जमात-ए-इस्लामी का क्या हुआ?

कौन-कौन से चुनावी वादे किए?

परिवार कार्ड: गरीब और हाशिए पर रहने वाले परिवारों के लिए 'फैमिली कार्ड'। इसके तहत हर परिवार को मासिक 2,500 टका या समकक्ष आवश्यक वस्तुएं प्रदान करना। वहीं, महिलाओं के कल्याण, आर्थिक सशक्तिकरण, डे-केयर सेंटर आदि पर फोकस रखा गया।

किसान कार्ड: BNP ने चुनावी घोषणा पत्र में किसानों, मछुआरों, पशुपालकों और छोटे कृषि उद्यमियों के लिए 'फॉर्मर कार्ड' जारी करने का ऐलान किया। इसका उद्देश्य उचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए सब्सिडी, आसान ऋण, कृषि बीमा, राज्य समर्थित मार्केटिंग मजबूत करना है।

भ्रष्टाचार मुक्त और मानवीय स्वास्थ्य प्रणाली: अस्पतालों में गलियारों में इलाज खत्म करने का लक्ष्य रखा गया है। 1 लाख स्वास्थ्य कर्मियों की भर्ती, जिला/महानगरीय स्तर पर गुणवत्ता उपचार, मातृ-शिशु स्वास्थ्य, रोकथाम सेवाएं बढ़ाना है।

रोजगार-उन्मुख शिक्षा प्रणाली: मूल्य-आधारित और कौशल-आधारित शिक्षा नीति को अपनाकर रोजगार को बढ़ावा देना। स्कूलों में मिड डे मील प्रोग्राम को लागू करना। तकनीकी और भाषा कौशल विकास के पाठ्यक्रमों को बढ़ावा देना।

युवा रोजगार सृजन और विकास: 4 करोड़ युवाओं के लिए स्थायी रोजगार का लक्ष्य तय। छोटे व्यवसाय समर्थन, कौशल विकास।

सामाजिक सुरक्षा और समावेश: सामाजिक सुरक्षा कवरेज बढ़ाना, मुद्रास्फीति के अनुसार भत्ते बढ़ाना। वृद्धावस्था पेंशन फंड, विकलांगों के लिए नागरिक सेवा, अनाथ बच्चों के लिए विशेष फंड बनाने का ऐलान किया।

इसके साथ ही, बीएनपी ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में ऐलान किया था कि ढाका को देश के बड़े शहरों से जोड़ने के लिए हाई-स्पीड रेल (बुलेट ट्रेन) चलाई जाएगी। हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यकों की जान, संपत्ति और पूजा स्थलों की सुरक्षा के लिए सख्त कानून बनाए जाएंगे। विदेशों में काम करने वाले बांग्लादेशी मजदूरों के लिए खास कल्याण फंड बनाया जाएगा। न्यायपालिक को और मजबूत व स्वतंत्र बनाया जाएगा। BNP ने चुनाव आयोग को ज्यादा से ज्यादा अधिकार दिए जाएंगे। BNP ने कहा कि किसी भी देश का दबाव या प्रॉक्सी न बनकर संतुलित विदेश नीति अपनाई जाएगी।

खालिदा के शासनकाल में बेहद प्रभावशाली थे तारिक

तारिक रहमान का इस चुनाव में वापस आना बांग्लादेश की राजनीति की सबसे बड़ी खबर है। वे तीन बार की प्रधानमंत्री खालिदा जिया और पूर्व राष्ट्रपति जियाउर रहमान के बेटे हैं। 1990 के दशक में राजनीति में कदम रखने वाले तारिक 2001 से 2007 के बीच इतने प्रभावशाली हो गए थे। दरअसल, 2001 से 2006 के दौरान तारिक की मां खालिदा बांग्लादेश की पीएम थीं, लेकिन सरकार के कई महत्वपूर्ण फैसलों में तारिक का महत्वपूर्ण योगदान होता था। उन्हें शैडो प्राइम मिनिस्टर कहा जाता था।

2006 से 2008 तक बांग्लादेश में हिंसक नागरिक अशांति देखी गई, जिसके चलते सेना ने कार्यवाहक सरकार का गठन किया। इसी दौरान रहमान को मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया। उन पर शेख हसीना और उनके सहयोगी की हत्या की साजिश रचने का भी आरोप लगा। इन वजहों से उन्हें डार्क प्रिंस कहा जाने लगा।

Published on:
13 Feb 2026 09:09 am
Also Read
View All

अगली खबर