Cyber crime: बहराइच जिले के साइबर क्राइम ब्रांच को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने साइबर क्राइम का खुलासा करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। तमिलनाडु से 1 करोड़ 85 लाख रुपये ठगी का खुलासा हुआ है।
Cyber crime: बहराइच जिले की साइबर क्राइम ब्रांच ने बड़ा खुलासा करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से बैंक के दस्तावेज, आधार कार्ड, पैन कार्ड, पासपोर्ट सहित फर्जी दस्तावेज बरामद किए गए हैं। तमिलनाडु पुलिस ने साइबर क्राइम का एक मुकदमा लिखकर बहराइच पुलिस को फ्राड की जानकारी दी थी।
वहीं दूसरी तरफ अंकित वर्मा नाम के व्यक्ति ने 40 लाख रुपये खाते में अचानक बढ़ने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज करवाया गया था।
Cyber crime: बहराइच जिले की साइबर पुलिस ने रिसिया थाना क्षेत्र से सरगना दाऊद समेत 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों से हुई पूछताछ में पता चला कि इन आरोपियों के द्वारा तमिलनाडु से एक करोड़ 85 लाख रुपये ट्रांसफर कर ठगी की बड़ी वारदात को अंजाम दिया गया था। फिलहाल करोड़ो की साइबर ठगी करने वाले 6 आरोपी को गिरफ्तार किया है।
अपर पुलिस अधीक्षक दुर्गा प्रसाद तिवारी ने बताया कि बहराइच साइबर टीम के प्रभारी निरीक्षक और उनकी टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। साइबर ठगी करने वाले गिरोह के 6 सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। साइबर थाने को एक सूचना प्राप्त हुई थी। कि एक व्यक्ति अंकित कुमार हैं। जिनके खाते को मिसयूज करते हुये उनके खाते में 40 लाख रुपये आए थे। जिसमें से 30 लाख रुपये निकल गए हैं। 10 लाख रुपये बचा था। सूचना पर तत्काल अभियोग पंजीकृत करते हुए बची हुई धनराशि को सीज कराते हुए कार्रवाई प्रारंभ की गई। तो कुल 6 साइबर ठगो को गिरफ्तार किया गया है। यह सभी रिसिया थाने के विभिन्न गांव रहने वाले हैं। जिसमें एक वेद प्रकाश, रवि उर्फ रविंद्र मौर्य, सिराज अहमद, दाऊद, मोहम्मद वसीम खान और सुहेलखान को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस को पूछताछ के दौरान पता चला है कि यह सीधे-साधे लोगों का विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के नाम पर उनका विभिन्न बैंक खाता खुलाते हैं। और बैंक संबंधी समस्त दस्तावेज जैसे एटीएम कार्ड नेट बैंकिंग संबंधी दस्तावेज सब अपने पास रख लेते हैं। फिर साइबर ठगी के नाम पर उस खाते में पैसा मंगवाया जाता है। फिर यह लोग एटीएम और नेट बैंकिंग के माध्यम से उसे पैसे को ट्रांसफर कर लेते हैं। यह बहुत महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है।
अपर पुलिस अधीक्षक ने बताया इसमें एक और बात पता चली है। कि अंकित वर्मा के खाते में जो पैसा आया है। वह बेसिकली पता चला है कि तमिलनाडु में एक मुकदमा 88/ 24 लिखा गया है। जिसमें एक करोड़ 85 लख रुपये की ठगी हुई थी। उसी का पैसा अंकित वर्मा के खाते में आया था। यह जो आरोपी पकड़े गए हैं। इनके पास से ऐसे दस्तावेज मिले हैं।
जो साइबर ठगी की पुष्टि करते हैं। इनके पास से 6 एटीएम कार्ड, आधार कार्ड 20 सदस्य फोटो स्टेट आधार कार्ड, वोटर आईडी, इंटरनेट बैंकिंग फॉर्म, 6 मोबाइल फोन, विभिन्न बैंक के चेक क्यूआर कोड, दो बाइक बिना नंबर प्लेट की मिली है। इनसे पूछताछ के दौरान इनके गिरोह के अन्य सदस्यों के भी पता मिले हैं। शीघ्र हमारी टीम उनको भी गिरफ्तार करेगी।