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शक्ति संतुलन बिगड़ रहा…

मृदुला सिंह ने 'प्लास्टिक का गिलास...' कविता सुनाई
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बैंगलोर

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Ram Naresh Gautam

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Updated: 28 Aug 2018, 7:39 PM IST

sahitya

शक्ति संतुलन बिगड़ रहा...

बेंगलूरु. अखिल भारतीय साहित्य साधक मंच के तत्वावधान में सारस्वत कार्यक्रम वरिष्ठ साहित्यकार आयोध्या प्रसाद गुप्त 'कुमुद' के मुख्य आतिथ्य में संपन्न हुआ। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि डॉ शशि मंगल, डॉ मृदुला सिंह थीं। मंजू वेंकट ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कृतित्व पर सारगर्भित चर्चा की। मंच अध्यक्ष ज्ञानचंद मर्मज्ञ ने सरस्वती वंदना की।

मुख्य अतिथि गुप्त ने अपनी रचना 'शक्ति संतुलन बिगड़ रहा है...' पेश कर श्रोताओं की तालियां बटोरी। मृदुला सिंह ने 'प्लास्टिक का गिलास...' कविता सुनाई। गोष्ठी में सुरेंद्र सूरी, शायर तमन्ना, मंजू वेंकट, शशि मंगल, बसंत दास, शिवेष स्वरुप, डॉ सविता मिश्रा, सुधा दीक्षित, तुलसी प्रिया, इंदुकांत अंगीरस, राधेश्याम शर्मा, जयंती खेतान आदि ने रचनाएं पेश की। संचालन ज्ञानचंद मर्मज्ञ ने किया।


तपस्या जीवन का वरदान
बेंगलूरु. गांधीनगर तेरापंथ सभा भवन में साध्वी कंचनप्रभा ने तपस्वी बिंदु रायसोनी व रुचिका पटावरी को आध्यात्मिक आशीर्वाद प्रदान करते हुए कहा कि तपस्या जीवन का वरदान है। उन्होंने कहा कि तपस्वी इन्द्रिय एवं मन पर विजय प्राप्त करता हुआ परमानंद की अनुभूति करता है। वर्तमान युग में उपभोक्तावादी संस्कृति में तपस्या करने वाला कीर्तिमान बनाता है। बिंदु रायसोनी ने अठाई व पंद्रह दिन की दो तपस्या संपन्न की।

यह महान आत्म बल का उदाहरण है। इसी तरह रुचिका पटावरी ने अठाई तप संपन्न की। साध्वी मंजूरेखा ने कहा कि श्रावक जीवन का सर्वोत्तम ध्येय है। तपस्या संताप हरती है। साध्वी उदितप्रभा, साध्वी निर्भयप्रभा, साध्वी चेलनाश्री ने तप अनुमोदना में गीत का संगान किया। सभा मंत्री प्रकाश लोढ़ा ने तपस्वी बहनों का अभिनंदन किया। सह मंत्री संजय बांठिया ने सम्मान पत्र का वाचन किया। तेयुप अध्यक्ष सुनील बाबेल, मंत्री ललित सेठिया आदि ने तप महिमा का संगान किया।


जीवन यात्रा परिवर्तनशील
मैसूरु. वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ, सिद्धार्थनगर सीआइटीबी परिसर में श्रुत मुनि ने सात वार में आज सोमवार से सौम्य बनो का वर्णन करते हुए कहा कि जीवन यात्रा परिवर्तनशील है। उन्होंने कहा कि जन्म से मृत्यु तक मानव का जीवन उम्र, खान पान, रिश्तों एवं संबंधों से दिनचर्या बदलते रहता है। परिवर्तन से जीवन में पुण्य की कमाई बढ़ाने का तथा शांतशीतल बनने का दिव्य संदेश देता है। सोमवार का ग्रह चंद्रग्रह है। चंद्रग्रह का वर्ण सफेद है। चंद्रग्रह का स्थान मनुष्य के ललाट पर है। अत: ललाट पर लाल चन्दन अथवा कुमकुम की बिंदी या तिलक लगाना सुभकारी है।
इस अवसर पर विधायक रामदास ने मुनि से आशीर्वाद लिया। संघ अध्यक्ष सम्पत कोठारी ने विधायक का सम्मान किया। संचालन प्रमोद श्रीमाल ने किया।