राज्य के बाघ व पक्षी अभयारण्यों के अलावा इसरो में भी गए समिति के सदस्य, वन्यजीव संरक्षण एवं वन संरक्षण कानूनों में बदलाव पर अधिकारियों के साथ की चर्चा
बेंगलूरु. वन्यजीव संरक्षण, वन संरक्षण और जैव विविधता कानूनों में हाल में किए गए संशोधनों पर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन पर संसद की स्थायी समिति के सदस्यों ने राज्य के बाघ और पक्षी अभयारण्यों और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) का पांच दिवसीय दौरा किया। समिति ने इस दौरान राज्य सरकार के अधिकारियों के साथ चर्चा की।
कांग्रेस नेता एवं समिति के अध्यक्ष जयराम रमेश ने रविवार को कहा कि समिति ने भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो), बंडीपुर और नागरहोले बाघ अभयारण्य और रंगनथिट्टु पक्षी अभयारण्य के अपने पांच दिवसीय अध्ययन दौरे का समापन किया है।
उन्होंने कहा कि इसके बाद केंद्र सरकार द्वारा वन्यजीव संरक्षण अधिनियम-1972, वन संरक्षण अधिनियम-1980 और जैव विविधता अधिनियम-2002 में हाल में किए गए संशोधनों पर केंद्र सरकार, कर्नाटक, केरल और तमिलनाडु राज्य सरकारों के अधिकारियों के साथ चर्चा हुई और उनकी चिंताओं पर गौर किया जाएगा।
रमेश ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि समिति शीघ्र ही अपनी टिप्पणियां और सिफारिशें प्रस्तुत करेगी।