31 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

शोभायात्रा में गरबों व भजनों से झलका उल्लास

धूमधाम से मनाया महालक्ष्मी प्राकट्योत्सव  

2 min read
Google source verification
शोभायात्रा में गरबों व भजनों से झलका उल्लास

शोभायात्रा में गरबों व भजनों से झलका उल्लास

बांसवाड़ा. पंच जडि़या श्रीमाल समाज की ओर से मातारानी महालक्ष्मी का प्राकट्योत्सव रविवार को धूमधाम से हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
समाज सचिव निखिलेश श्रीमाल ने बताया कि आचार्य महेंद्र व्यास के सानिध्य में शुभ मुहूर्त में गणेश पूजन कर मातारानी का कनकधारा स्त्रोत से अभिषेक किया। दोपहर की आरती राधेलाल परिवार की ओर से की गई। अध्यक्ष नरेश श्रीमाल ने बताया कि पूजन यजमान लोकेश-नम्रता, राही-ईशा, नीरज-विशाखा, मीना एवं राजकुमार, रुचि एवं भूमिका श्रीमाल ने किया। दुग्धाभिषेक समाजजनों ने किया। आंगी सचिन श्रीमाल ने धराई।

निकाली शाही सवारी
संरक्षक भगवानदास श्रीमाल के अनुसार शाम को मातारानी की शाही सवारी निकाली गई। अश्व पर नीरज श्रीमाल धर्मध्वजा लिए आगे रहे। मातारानी का रथ समाजजनों के अतिरिक्त पूर्व मंत्री भवानी जोशी ने खींचा। इसमें रत्नेश महादेव एवं हनी महालक्ष्मी का रूप धरकर आकर्षण का केंद्र रहे। राम रसिया भजन मण्डली के कीर्तन एवं गाजे-बाजे के साथ गरबा नृत्य करते हुए सवारी शहर के प्रमुख रास्तों से होकर महालक्ष्मी मन्दिर पहुंची। सचिन राजेंद्र श्रीमाल ने महाआरती की। मातारानी की आंगी सोनू राजू श्रीमाल ने की। पूर्व मंत्री जोशी का बृजमोहन श्रीमाल ने स्वागत किया। डूंगरपुर से आए श्रीमाल समाज अध्यक्ष मुकेश श्रीमाल, गणेशलाल श्रीमाल, चन्द्रशेखर, पंकज श्रीमाल, प्रवीन श्रीमाल, जयकुमार का स्वागत गजेन्द्र श्रीमाल ने किया। सवारी के दौरान नरेंद्र श्रीमाल, सुशील श्रीमाल, नारायणलाल, वरुण श्रीमाल सहित बड़ी संख्या में महिलाएं भी सम्मिलित हुई।

महालक्ष्मी पूजन का समापन
उत्तम सेवा धाम में 16 दिवसीय महालक्ष्मी पूजन का समापन हुआ। आचार्य दिव्य भारत पंड्या ने षोडश मात्रिकाओं का उल्लेख कर बताया कि 16 बार महालक्ष्मी मंत्र समेत श्री सूक्त जाप किया। लक्ष्मी की कृपा प्राप्ति व संतानों की दीर्घायु की कामना को लेकर किए पूजन के तहत मातारानी को 56 भोग धराया। कुमारियों का पूजन व हवन से पूर्णाहुति कर महाआरती की गई। मिट्टी से बनी गजलक्ष्मी की मूर्ति को नदी में प्रवाहित किया गया। यजमान दिलीप गुप्ता व पीसी जैन रहे। इस अवसर पर बीएस चौहान, भगवती सोनी, टीकम व रामभाऊ, महेंद्र सहित महालक्ष्मी मंडल की महिलाएं उपस्थित रहीं।

Story Loader