भंवरगढ़. भंवरगढ़ कृषि बहुउद्देशीय सहकारी समिति के पास आए 2790 कट्टे यूरिया खाद का वितरण मंगलवार को नहीं हो सका। दरअसल, सहकारी समिति प्रशासन एवं वितरण करवाने गए सहायक कृषि अधिकारी के बीच सहमति नहीं बनने के कारण लाइन में खड़े किसानों को निराश लौटना पड़ा। बाद में जिले के उच्च अधिकारियों एवं कृषि विभाग के अधिकारियों के दखल के बाद सहकारी समिति प्रशासन ने खाद का वितरण किया। पुलिस की मौजूदगी में कस्बे के एक निजी खाद बीज विक्रेता के यहां आए 643 कट्टे खाद का वितरण बाद में सहायक कृषि अधिकारी कमल प्रकाश मीणा की उपस्थिति में कृषि पर्यवेक्षक पवन सहरिया द्वारा प्रति किसान दो कट्टे के टोकन देकर किया गया। इस दौरान अन्य गांव से आए किसानों एवं महिला किसानों की लगी लंबी कतार के कारण कस्बे के कई किसान खाद लेने से वंचित रह गए। जानकारी के अनुसार जैसे ही किसानों को यूरिया खाद के टोकन मिलने की सूचना मिली तो कस्बे सहित आसपास क्षेत्र के किसान सहकारी समिति के गोदाम के बाहर एवं डीलर की दुकान पर लाइन में खड़े हो गए। इसी बीच मौके पर पहुंचे सहायक कृषि अधिकारी मीणा ने सहकारी समिति व्यवस्थापक पूरब चंद्र राठौर एवं अध्यक्ष हेमराज नागर से खाद वितरण के बारे में चर्चा की। किंतु अध्यक्ष नागर ने स्पष्ट शब्दों में मीणा से कहा कि खाद उनके द्वारा स्वयं की पूंजी लगाकर मंगवाया गया है। वह अपने सहकारी समिति में ऋणी किसानों को ही वितरण करेंगे। व्यवस्थापक राठौर ने भी यही कहा कि यहां की सहकारी समिति के पास वर्तमान में स्वयं की पूंजी नहीं है। अध्यक्ष द्वारा ही पैसे जमा करवा कर खाद मंगवाया गया है। जैसा वह कहेंगे, वैसे ही वितरण करवाया जाएगा। इसी बात को लेकर किसानों एवं सहकारी समिति के अध्यक्ष व्यवस्थापक के बीच नोकझोंक भी हुई। कृषि अधिकारी मीणा भी वहां से वापस लौट गए। वह निजी डीलर के यहां मौजूद 643 यूरिया खाद्य के कट्टो का वितरण प्रति किसान दो कट्टे देकर करवाया गया। क्षेत्र के किसानों ने भंवरगढ़ क्षेत्र के कृषि रकबा के हिसाब से पर्याप्त यूरिया की आपूर्ति करने की मांग कृषि विभाग के उच्च अधिकारियों से करते हुए कहा कि रोज-रोज लगने वाली लाइन से तंग आ चुके हैं सारे काम धाम छूट रहे हैं। अगेती बुवाई की सरसों एवं गेहूं की फसल में पहला पानी चल रहा है। ऐसे में यूरिया खाद की सख्त आवश्यकता है, किंतु निजी डीलरों के पास पर्याप्त मात्रा में खाद नहीं आ रहा। वहीं सहकारी समिति ऋणी सदस्यों तक ही सीमित होकर रह गई है। ऐसे में किसान अपने आप को ठगा सा महसूस कर रहा है। इधर सहायक कृषि अधिकारी मीणा ने बताया कि मंगलवार को डीलर के पास आए यूरिया खाद के कट्टों का वितरण दो कट्टे प्रति किसान के टोकन देकर करवाया है। सहकारी समिति समिति में भी वह कट्टों का वितरण करवाने गए थे, किंतु अध्यक्ष नागर द्वारा सहकारी समिति के ऋणी किसानों को उनकी स्वयं की मर्जी से कट्टे वितरण करने की बात कहने के बाद संपूर्ण घटनाक्रम से उच्च अधिकारियों को अवगत करवाया गया है ।
– भंवरगढ़ क्षेत्र के किसानों को आपूर्ति के अनुसार आपूर्ति की जा रही है। सहकारी समिति में भी खाद भिजवाया गया है। सभी किसानों को खाद की आपूर्ति करवाई जा रही है। किसान धैर्य रखें। यूरिया की कमी नहीं आने दी जाएगी।
अतीश कुमार शर्मा, कृषि उप निदेशक कृषि विस्तार, जिला बारां