उझानी में बुद्ध पूर्णिमा पर गंगा स्नान करने आए सात दोस्तों की टोली में से तीन युवक गंगा की तेज धार में बह गए। शोर मचाने पर पीएसी के गोताखोरों ने एक युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जबकि दो अन्य को बाहर निकालने तक उनकी मौत हो चुकी थी।
बदायूं। उझानी में बुद्ध पूर्णिमा पर गंगा स्नान करने आए सात दोस्तों की टोली में से तीन युवक गंगा की तेज धार में बह गए। शोर मचाने पर पीएसी के गोताखोरों ने एक युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जबकि दो अन्य को बाहर निकालने तक उनकी मौत हो चुकी थी। हादसे के बाद घाट पर हड़कंप मच गया।
हाथरस जिले के मुड़सान थाना क्षेत्र के नगला अन्नी और पास के गांव के सात युवक सोमवार को कछला घाट पर गंगा स्नान के लिए आए थे। दोपहर करीब दो बजे स्नान करते समय 24 वर्षीय विनय पुत्र चंद्रवीर, 25 वर्षीय सौरभ पुत्र राजू और 22 वर्षीय दिनेश गहराई में चले गए। तीनों को डूबता देख साथ आए अन्य दोस्तों ने शोर मचाया।
मौके पर मौजूद पीएसी के गोताखोर तत्काल मोटरबोट से मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू शुरू किया। दिनेश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि विनय और सौरभ को करीब आधा घंटे की मशक्कत के बाद नदी से बाहर निकाला गया। दोनों को एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया, जहां चिकित्साधीक्षक डॉ. राजकुमार गंगवार ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
हादसे की सूचना पर एसडीएम मोहित कुमार और सीओ शक्ति सिंह भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने साथ आए युवकों से घटना की जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि यह हादसा रेलवे पुल से करीब 100 मीटर पश्चिम दिशा में हुआ, जहां श्रद्धालुओं की भीड़ अपेक्षाकृत कम थी।
मृतक विनय पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहा था, जबकि सौरभ बीए अंतिम वर्ष का छात्र था। पोस्टमार्टम के लिए दोनों के शव भेज दिए गए हैं। अस्पताल में दोस्त पंकज ने सौरभ का हाथ पकड़कर भावुक स्वर में कहा, यह अभी जिंदा है, किसी बड़े अस्पताल ले चलो। पुलिसकर्मियों ने उसे समझाकर शांत किया। घाट पर मातम का माहौल बना रहा।