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बाड़मेर में नहीं थम रहा चिंकारा हिरण शिकार मामला, सड़क पर प्रदर्शन कर रहे ग्रामीण

ग्रामीणों ने बताया कि कुछ शिकारी भारी संख्या में हिरणों का शिकार करके ले गए हैं। बोरे में नहीं आने पर एक हिरण को फेंक कर भाग गए।

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Deer Hunting

प्रदर्शनकारियों से बातचीत करते प्रशासन के लोग ( फोटो-पत्रिका )

बाड़मेर। राजस्थान में हिरणों के शिकार का मामला कम नहीं हो रहा है। जिले में एक बार फिर हिरण शिकार का मामला तूल पकड़ लिया है। ग्रामीण हिरणों के शव को डीप फ्रीजर में रखकर सड़क पर उतर आए हैं। पुलिस ने 3 दिन के भीतर आरोपियों तक पहुंचने का वादा किया है।

दरअसल, चौहटन आगोर गांव की सरहद में तीन दिन पहले एक चिंकारा हिरण का शव मिला था। वहीं बोरे में बुरी तरह से हिरण के बच्चे मिले हैं, जिसके बाद वन्य जीव प्रेमी और ग्रामीण आक्रोशित हो गए हैं। लोगों ने सड़क पर प्रदर्शन करना शुरू कर दिया है।

ग्रामीणों ने बताया कि कुछ शिकारी भारी संख्या में हिरणों का शिकार करके ले गए हैं। बोरे में नहीं आने पर एक हिरण को फेंक कर भाग गए। एक बोरे में हिरणों के बच्चे बुरी तरह से ठूंसे हुए मिले हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि शिकारी हिरणों का शिकार करके क्षेत्रीय होटलों में इनकी सप्लाई करते हैं।

लोगों में आक्रोश

प्रदर्शनकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों के बीच लगातार बैठकें हो रही हैं, लेकिन आक्रोश कम नहीं हो रहा है। सूत्रों के मुताबिक पुलिस ने 16 लोगों को डिटेन किया है और पूछताछ की जा रही है। तीन दिन बीतने के बाद भी असली आरोपियों तक पुलिस नहीं पहुंच पाई है। अब पुलिस के अधिकारियों ने तीन दिन का समय मांगा है, लेकिन ग्रामीण प्रदर्शन जारी रखे हुए हैं।

16 लोगों से पूछताछ कर रही पुलिस

शुक्रवार शाम से मौके पर डटे वन्यजीव प्रेमी और ग्रामीण शिकारियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। शनिवार को भी सैकड़ों लोगों ने धरना जारी रखा और चेतावनी दी कि जब तक दोषियों की गिरफ्तारी नहीं होती, प्रदर्शन जारी रहेगा। पुलिस और वन विभाग की टीमें अब तक शिकारियों का सुराग नहीं लगा पाई हैं, हालांकि संदेह के आधार पर 16 लोगों को डिटेन कर पूछताछ की जा रही है।

उग्र आंदोलन की चेतावनी

मौके पर पहुंचे जिला वन अधिकारी सुशीला दहिया और उपखंड अधिकारी कुसुमलता चौहान ने लोगों से बातचीत कर समझाइश की और तीन दिन में खुलासा करने का भरोसा दिलाया। इसके बाद लोगों ने आंशिक रूप से धरना जारी रखने पर सहमति जताई, लेकिन तीन दिन में कार्रवाई नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी।

संत-महंत भी प्रदर्शन में शामिल

धोरीमन्ना, जोधपुर, बालोतरा, फलोदी, सांचौर सहित कई इलाकों से वन्य जीव प्रेमी मौके पर पहुंच गए हैं। शनिवार सवेरे चौहटन मठ के महंत जगदीशपुरी, जिला परिषद सदस्य रूपसिंह राठौड़, वरिष्ठ भाजपा नेता छतरसिंह राठौड़ भी धरना स्थल पर पहुंचे तथा जानकारी लेकर हिरण शिकार मामलों की निंदा की। उन्होंने वन्य जीव प्रेमियों के आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि हिरणों का संरक्षण नहीं बल्कि भक्षण हो रहा है जो कतई ठीक नहीं है।

विश्नोई समाज भी पहुंचा

प्रदर्शन स्थल पर विश्नोई महासभा के जिला उपाध्यक्ष भजनलाल बिश्नोई, समाजसेवी जगदीश बिश्नोई भारी संख्या में लोग इकट्ठा हैं। सहायक वन संरक्षक बाड़मेर छोटूसिंह भाटी ने बताया कि पुलिस और वन विभाग की टीमें शिकारियों की तलाश में जुटी है। जल्द ही शिकारियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

डीएफओ ने मीट दुकानों की जांच के दिए निर्देश

डीएफओ ने चौहटन एसडीएम को निर्देश दिए कि मीट दुकानों से सैंपल लेकर जांच करवाई जाए, जिससे कि शिकार के मीट की बिक्री की आशंका की पुष्टि हो सके।

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