बस्सी @ पत्रिका. बदलते दौर में गांव व कस्बों की अब छोटी – छोटी सड़कों पर सीसीटीवी कैमरे व रोड लाइट लगाई जा रही हैं, ताकि अपराध पर अंकुश लग सके, लेकिन जयपुर – आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग के जयपुर से महुवा तक 130 किलोमीटर की दूरी में नेशनल हाईवे ऑथोरिटी ऑफ इण्डिया(एनएचएआई) ने ना तो कहीं पर रोड लाइट लगवाई है और ना ही टोल प्लाजा को छोड़ कर सीसीटीवी कैमरे लगाए हैं। जबकि अब नए हाईवे व स्टेट हाइवे पर एनएचएआई रोड लाइट व उन्हीखम्भों पर सीसीटीवी कैमरे भी लगा रहा है।
जबकि जयपुर – आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग देश के बड़े हाइवे में शामिल है और इससे प्रतिदिन 25 हजार वाहन गुजरते हैं, फिर भी एनएचएआई ध्यान नहीं दे रहा है। जबकि एनएचआई ने पिछले वर्षों दिल्ली – मुम्बई एक्सप्रेस हाइवे बनाया और उससे करीब पांच – छह वर्ष पहले दौसा- मनोहरपुर स्टेट हाइवे बनाया उन पर रोड लाइट भी लगाई है और सीसीटीवी कैमरे भी लगाए हैं, जबकि जयपुर – बीकानेर स्टेट हाइवे देश का महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्ग है, जिस पर एनएचएआई कतई ध्यान नहीं दे रही है।
प्रतिदिन चलते हैं बीस से पच्चीस हजार वाहन…
जयपुर – आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर जयपुर से महुवा के बीच हर 24 घंटे में 20 से 25 हजार वाहन गुजरते हैं। इस राजमार्ग पर केवल टोल प्लाजा को छोड़ कर कहीं भी सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हुए हैं। यदि कोई वाहन जयपुर से महुवा या फिर महुवा से जयपुर के लिए चलता है और उसके साथ कोई लूटपाट, कोई अनहोनी या फिर एक्सीडेंट हो जाए तो उस घटनाक्रम को सम्बिन्धत थाना पुलिस कैसे देखें। खासकर रात के समय हाइव पर लूट का डर रहता है या फिर कोई वाहन के साथ लूट की वारदात हो जाए या और कोई वारदात हो जाए तो पुलिस काे घटना की सच्चाई का पता तो तभी लग सकता है, जब इस राजमार्ग पर सीसीटीवी कैमरे लगे हों।
अंधेरे में लगता है डर….
हाइवे पर जयपुर से कानोता तक तो जगह – जगह रोड लाइट है, लेकिन जब कानोता की पुलिया पार कर ली जाती है तो रात को हाइवे पर अंधेरा पसर जाता है। रोशनी नजर आती है तो केवल वाहनों या फिर रास्ते में आने वाले होटल ढाबो की आती है। ऐसे में रात में अंधेरे में एक्सीडेंट या फिर लूट खसोट का डर रहता है।
यहां जरूर मिलते हैं सीसीटीवी कैमरे…
इस हाइवे पर जयपुर से महुवा के बीच की दूरी में जयपुर घाट की गूणी, राजाधौंक टोल प्लाजा व सिकंदरा के समीप गिरधरपुरा टोल प्लाजा पर जरूर टोल कम्पनियों ने सीसीटीवी कैमरे लगा रखे हैं, वहीं हाइवे पर होटल ढाबों पर जरूर सीसीटीवी केम्रे मिल सकते हैं, इसके अलावा एनएचएआई ने कहीं भी सीसीटीवी कैमरों की कोई व्यवस्था नहीं कर रखी है।
बड़ी संख्या में पर्यटक एवं आते हैं श्रद्धालू…
जयपुर – आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर न केवल सवारी व माल वाहन वाहन ही चलते हैं, बल्कि इस मार्ग पर ऐसे धार्मिक स्थल व पर्यटक स्थल भी जुड़े हैं, जिन पर आए दिन देशी व विदेशी सैलानी भी आते हैं। इस मार्ग पर दौसा व महुवा के बीच विश्व प्रसिद्ध धार्मिक स्थल मेहंदीपुर बालाजी है, जहां पर प्रतिदिन हजारों की संख्या में देश – विदेश से श्रद्धालू आते हैं। आभानेरी की चांद बावड़ी जो कि विश्व प्रसिद्ध एतिहासिक पर्यटक स्थल है। बसवा का झाझीरामपुरा भी बड़ा पर्यटक स्थल है। वहीं उत्तरी भारत के उत्तर प्रदेश, बिहार आदि इलाकों से खाटूश्याम जी जाने वाले श्रद्धालुओं का आवागमन भी इसी मार्ग से होता है। वहीं जयपुर व आगरा के बीच जितने भी पर्यटक एवं स्थल है इसी मार्ग पर पड़ते हैं। ऐसे में एनएचएआई को सभी का ध्यान रख कर इन सुविधाओं का विस्तार करना चाहिए। ( कासं )