भरतपुर

नि:शुल्क की यात्रा की सुविधाएं बढ़ी, लेकिन बसों की कमी तो कैसे मिलेगा फायदा

हर साल घट रही रोडवेज बसें, कैसे उभरेगी घाटे से  

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नि:शुल्क की यात्रा की सुविधाएं बढ़ी, लेकिन बसों की कमी तो कैसे मिलेगा फायदा

ज्ञानप्रकाश शर्मा

भरतपुर. राज्य सरकार की ओर से नि:शुल्क व रियायती परिवहन की सुविधाएं तो बढ़ाई गई हैं, लेकिन परिवहन सुविधा देने वाली बसों की संख्या हर साल कम हो रही हैं। ऐसे में सुविधाओं का लाभ यात्री नहीं उठा पा रहे हैं। क्योंकि बसों की कमी के चलते ना तो वरिष्ठ नागरिक अपनी योजना का लाभ उठा पा रहे हैं और ना ही महिलाएं। भीड़ को तौबा करके उन्हें निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ता है।
अभी चार-पांच फरवरी को सीईटी के पेपर में इसका नजारा देखने को मिला। भरतपुर में दो दिन में चार शिफ्टों में हुई परीक्षा में करीब 50 हजार परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी थी। राज्य सरकार की ओर से सभी परिक्षार्थियों का नि:शुल्क परिवहन किया गया था। लेकिन बसें तो बढ़ाई नहीं गई, ऐसे में परीक्षार्थियों के साथ-साथ यात्रियों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा था। क्योंकि नि:शुल्क परिवहन के कारण परीक्षार्थी तो जैसे-जैसे बसों में चढ़ गए, लेकिन यात्री बैठे ही रह गए। पिछले छह वर्षों का आंकड़ा देखें तो हर साल बसों की संख्या कम ही होती जा रही है।
भरतपुर आगार की बात करें तो यहां पर बेड़े में वर्ष 2017-18 में करीब 114 बसें थी, जो 2022-23 में घटकर 84 रह गई है। इसी प्रकार लोहागढ़ आगार की बात करें तो यहां पर वर्ष 2017-18 में 92 बसें थी, जो अब 2022-23 में घटकर 76 रह गई हैं।

भरतपुर आगार बसों की स्थिति
वर्ष रोडवेज अनुबंधित कुल
2017-18 89 25 114
2018-19 80 23 103
2019-20 73 23 96
2020-21 61 23 84
2021-22 60 26 86
2022-23 58 26 84
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लोहागढ़ आगार में बसों की स्थिति
वर्ष रोडवेज अनुबंधित कुल
2017-18 87 5 92
2018-19 80 5 85
2019-20 76 5 81
2020-21 73 5 78
2021-22 75 5 80
2022-23 71 5 76
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नि:शुल्क यात्रा
राज्य सरकार ने साल 2019 में प्रतियोगी परीक्षा पास कर इंटरव्यू देने जा रहे अभ्यर्थियों के लिए बसों में नि:शुल्क परिवहन की सुविधा दी थी। साल 2021 में प्रतियोगी परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों के लिए नि:शुल्क परिवहन की घोषणा कर दी। लाखों अभ्यर्थियों ने मुफ्त यात्रा का लाभ लिया है। इसके अलावा, नि:शुल्क सेवाओं में स्वतंत्रता सेनानी एवं एक सहयोगी, स्वतंत्रता सेनानियों की विधवा व एक सहयोगी, पदम पुरस्कार से सम्मानित व्यक्ति एवं एक सहयोगी, अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल स्पर्धाओं में राज्य में पदक विजेता, नेत्रहीन/अंधता व्यक्ति एवं एक सहयोगी, विकलांग (अस्थि विकलांग) चलन नि:शक्तता। मानसिक विमन्दित/मंदता से ग्रसित व्यक्ति एवं एक सहयोगी। कम दृष्टि नि:शक्तता/कुष्ट रोगी। राजस्थान पुलि, राजस्थान सशस्त्र पुलिस बल केन्द्रीय सीमा सुरक्षा बल, केन्द्रीय रिजर्व पुलिस फोर्स में कार्यरत राष्ट्रपति पुलिस मैडल फॉर गैलेन्ट्री अवार्ड से सम्मानित व्यक्तियों एवं सेनानिवृत होने के बाद एक सहयोगी सहित।
25 से 75 प्रतिशत तक की छूट
इसके अलावा, एड्स, थैलीसीमिया, असंक्रामक कुष्ट रोगी, कैंसर रोगी, हीमोफीलिया रोगी, आदिवासी जनजाति क्षेत्रों में संचालिक साधारण बस सेवाा में स्थानीय आधिवासियों को, विद्यार्थियों को, महिला, वरिष्ठ नागरिक (60 या उससे अधिक आयु के), धार्मिक पर्वों आदि में टिकट पर 25 प्रतिशत से लेकर 75 प्रतिशत तक की छूट दी गई है।
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Published on:
11 Feb 2023 06:12 pm
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