4 फ़रवरी 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

हवा भरने वाले कम्प्रेशर में ऐसा ब्लास्ट, करीब 60 फीट दूर जाकर गिरा दुकानदार, मौत

-करीब 50 फीट की दूरी पर एक मकान की छत पर जाकर गिरी कम्प्रेशर की टंकी, तीन पट्टियां टूटकर गिरी, मकान में सो रहा दंपती बाल-बाल बचा, सीकरी के गुलपाड़ा की घटना

2 min read
Google source verification
हवा भरने वाले कम्प्रेशर में ऐसा ब्लास्ट... करीब 60 फीट दूर जाकर गिरा दुकानदार, मौत

हवा भरने वाले कम्प्रेशर में ऐसा ब्लास्ट... करीब 60 फीट दूर जाकर गिरा दुकानदार, मौत

भरतपुर/सीकरी. जिले के सीकरी थाने के गांव गुलपाड़ा में मंगलवार सुबह उस समय कम्प्रेशर की टंकी फट गई, जब दुकानदार एक वाहन के टायर में हवा भर रहा था। हादसा इतना भीषण था कि दुकानदार व कम्प्रेशर की टंकी हवा में उछलकर करीब 60 फीट दूर जाकर गिरी। इससे दुकानदार की मौत हो गई व उसका एक साथी बुरी तरह से घायल हो गया। हादसा इतना खतरनाक था कि कम्प्रेशर की टंकी 50 फीट दूरी पर स्थित एक मकान की छत पर गिरी। इससे मकान की छत की तीन पट्टियां गिर गई।

वहां एक कमरे में सो रहा दंपती बाल-बाल बचा। घटना की सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंचे। जहां लोगों की मदद से घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया है। जानकारी के अनुसार गुलपाड़ा गांव में कम्प्रेशर से हवा भरने के दौरान टंकी फट गई। इससे साजिद पुत्र जुलफ्कार निवासी सीकरी की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि शहजाद पुत्र दायल निवासी सीकरी घायल हो गया। टंकी फटने की आवाज से आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई। लोग भूकंप या विस्फोट की आशंका से घरों से बाहर निकल आए।

दंपती बोला...जाको राखे साइयां, मार सके न कोय

जिस मकान की छत पर जाकर टंकी गिरी थी, उसी मकान के एक कमरे में दंपती सो रहा था। हालांकि छत की तीन पट्टियां गिरने से परिवार का आर्थिक नुकसान हुआ है, लेकिन गनीमत यह रही कि कोई जन हानि नहीं हुई है। दंपती ने बताया कि आज वास्तव में ईश्वर ने ही उनकी रक्षा की है। वरना जिस तरह टंकी आकर छत पर गिरी है। उससे खतरे का अंदाजा लगाया जा सकता है कि हादसा कितना बड़ा हो सकता था। किसी ने सही कहा है कि जाको राखे साइयां, मार सके न कोय।

इस कारण फटी टंकी...

बताते हैं कि घटना के पीछे हवा भरने वाले कम्प्रेशर की टंकी में हवा का अधिक दवाब होना माना जा रहा है। क्योंकि ऐसा होने पर टंकी की क्षमता से अधिक उसमें भार हो जाता है। इससे इस तरह का हादसा होने की आशंका बनी रहती है। हालांकि गर्मियों के समय यह समस्या अधिक रहती है।

Story Loader