
CG Weather: बारिश और कैचमेंट से दबाव के कारण शिवनाथ का पानी मंगलवार को दायरा छोड़कर करीब डेढ़ दर्जन तटीय गांवों के सरहद तक पहुंच गया। इससे सहायक नदियों और नालों में भी बाढ़ के हालात बन गए। इससे शिवनाथ के तट पर स्थित ईंटभट्ठों में भी पानी भर गया। जिससे यहां काम करने वाले मजदूर फंस गए।
CG Weather: चंगोरी के ईंट भट्ठे में फंसे 12 मजदूरों को एसडीआरएफ की टीम ने देर शाम रेस्क्यू कर बाहर निकाला। वहीं अछोटी के ईंट भट्ठे से 20 श्रमिक, ग्रामीणों के सहयोग से खुद गले तक पानी पार कर बाहर निकले। इन श्रमिकों को अछोटी के सामुदायिक भवन में ठहराया गया है। जिला प्रशासन के मुताबिक कहीं भी अप्रिय स्थिति नहीं बनी है।
प्रदेश के साथ जिले में भी चार दिनों से लगातार बारिश हो रही है। पड़ोसी जिले राजनांदगाव के मोंगरा बैराज में तेजी से जलभराव हो रहा है। बैराज में पानी का ज्यादा दबाव होने के कारण शनिवार से लगातार पानी छोड़ा जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक सोमवार की शाम को 20 हजार क्यूसेक से बढ़ाकर 40 हजार क्यूसेक पानी छोड़ना पड़ा था।
इसके अलावा जिले में लगातार बारिश हो रही थी। इसके चलते मंगलवार की सुबह से शिवनाथ का जलस्तर बढ़ना शुरू हो गया था। दोपहर तक महमरा एनीकट के ऊपर 10 फीट पानी बह रहा था। दोपहर बाद राजनांदगांव मार्ग पर पुराने पुल के ऊपर से भी पानी बहने लगा। इधर दबाव बढऩे से पानी पिसेगांव, तिरगा, झोला, भरदा, रूदा, महमरा, चंगोरी, अछोटी, कोनारी, भोथली, खाड़ा, थनौद, कोसमी, मोहलई, नगपुरा, मालूद, बेलौदी, पीपरछेड़ी, झेंझरी, हटगांव, गनियारी, सहगांव के खेतों तक पहुंच गया।
शिवनाथ का पानी गांवों तक पहुंच जाने से हजारों एकड़ की धान की फसल डूब गई है। वहीं सब्जी बाड़िय़ों में भी पानी भर गया है। थनौद के 75 फीसदी खेतों में पानी भर गया है। इससे इन इलाकों के फसल खराब होने की आशंका बढ़ गई है।
राजनांदगांव के मोंगरा बैराज से सोमवार को 40 हजार क्यूसेक पानी शिवनाथ नदी में छोड़ा जा रहा था। मंगलवार को इसे घटाकर 5 हजार क्यूसेक कर दिया गया, लेकिन लगातार बारिश होने से आगे मोंगरा बैराज से ज्यादा पानी छोडऩे की संभावना बन सकती है। इसे देखते हुए लोगों को सतर्क रहने कहा गया है।
शिवनाथ में बाढ़ की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा लगातार नजदीकी लोगों के लिए चेतावनी जारी की जा रही है। इसके बाद भी कई लोगों के खतरे वाले जगहों पर रूके रहने की खबर है। इसी के चलते मंगलवार को चंगोरी के ईंट भट्ठे के आठ श्रमिक फंस गए। इसकी सूचना भी एसडीआरएफ को विलंब से दी गई। इसके चलते एसडीआरएफ की टीम मौके पर देर शाम पहुंची और रेस्क्यू कर निकाला।
इधर समय पर बाहर नहीं निकल पाने के कारण अछोटी के ईंट भट्ठे में भी 20 श्रमिक फंस गए थे। इसकी सूचना पर सरपंच घनश्याम दिल्लीवार ने पहल करते हुए इन्हें खतरे से अवगत कराते हुए बाहर निकलने प्रेरित किया। इसके बाद सभी श्रमिक नाले का गले तक पानी पार कर खुद बाहर निकले। सरपंच की पहल पर इन श्रमिकों को अछोटी के सामुदायिक भवन में ठहराया गया है।
Updated on:
24 Jul 2024 01:39 pm
Published on:
24 Jul 2024 01:38 pm
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