25 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

न्यास की प्रोसेडिंग से कई अहम बिंदु नदारद

भीलवाड़ा. नगर विकास न्यास की 18 अप्रेल की बोर्ड बैठक में कई बिंदुओं को चर्चा के बाद प्रोसेडिंग से गायब कर दिया गया। बैठक में कोठारी नदी पर टाटा मोटर्स के पास निर्माणाधीन हाईलेवल ब्रिज से बहुउद्देशीय योजना में गोविंदपुरा की ओर अप्रोच रोड एवं आगे की सड़क पर चर्चा की गई।

2 min read
Google source verification
न्यास की प्रोसेडिंग से कई अहम बिंदु नदारद

न्यास की प्रोसेडिंग से कई अहम बिंदु नदारद

भीलवाड़ा. नगर विकास न्यास की 18 अप्रेल की बोर्ड बैठक में कई बिंदुओं को चर्चा के बाद प्रोसेडिंग से गायब कर दिया गया। बैठक में कोठारी नदी पर टाटा मोटर्स के पास निर्माणाधीन हाईलेवल ब्रिज से बहुउद्देशीय योजना में गोविंदपुरा की ओर अप्रोच रोड एवं आगे की सड़क पर चर्चा की गई। चर्चा के बाद एजेंडा पास भी कर दिया गया, लेकिन मामला चर्चा में आने के बाद इस बिन्दु को प्रोसेडिंग से हटा दिया। भीलवाड़ा शहर के जोन बी व जोन ई के डवलपमेन्ट प्लान मालवीय राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान जयपुर से कराने के मामले को भी हटा दिया। तीन अन्य अहम मुद्दे को हटा दिया।

जोधड़ास से सांगानेर मार्ग तक एप्रोच रोड मिलाने के लिए भूमि अवाप्ति का मुद्दा रखा। चर्चा के बाद सहमति बन गई। इस आधार पर गोविन्दपुरा में भू माफिया का फायदा पहुंचाने के लिए भूमि अवाप्ति का प्रस्ताव मंजूर कर लिया, लेकिन इस मामले में अधिकारियों को चुप्पी साधने को कहा। मामला उजागर होने से अब इसे ठंडे बस्ते में डाल दिया। हवाला दिया जा रहा है कि बैठक में एसटीपी अजमेर के नहीं होने इस प्रस्ताव को मंजूरी नहीं दी गई है।
यह है मामला

न्यास को आपसी समझौते के तहत भूमि अवाप्त करनी है। मास्टर प्लान-2035 में यह सड़क 200 फीट प्रस्तावित है। सड़क के दोनों और 100-100 फीट चौड़ाई में अधिक भूमि अवाप्त की जानी, ताकि प्रस्तावित 200 फीट सड़क के अतिरिक्त 100 फीट अधिग्रहित भूमि को न्यास की ओर से नीलाम कर सड़क बनाने में व्यय की क्षतिपूर्ति की जा सके। गौरतलब है कि कोठारी नदी हाईलेवल ब्रिज के निर्माण पर न्यास ने 30 करोड़ रुपए खर्च कर दिए लेकिन 5 किलोमीटर आगे की रोड बनाने तथा पुलिया उतारने के लिए न्यास के पास जमीन तक नहीं है। इस मामले को राजस्थान पत्रिका के 20 मार्च के अंक में 04 साल में पूरी नहीं हुई 100 करोड़ की तीन पुलिया शीर्षक से समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किए थे।
इनका कहना है

किसी एजेंडे को नहीं हटाया है। 18 अप्रेल को एसटीपी के नहीं आने से टेक्नीकल मामलों के प्रस्ताव को अन्तिम रूप नहीं दिया था। जल्द ही बैठक कर तीनों प्रस्ताव को मंजूर किया जाएगा।

अजय आर्य, सचिव नगर विकास न्यास

बड़ी खबरें

View All

भीलवाड़ा

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग