2 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

भीलवाड़ा

खनिज विभाग ने खान मालिक को जारी किया नोटिस

डेढ़ माह का दिया समय, विभाग ने माना खनन कार्य काफी समय से था बन्दखान मालिक ने किया रवन्ना का दुरुपयोग करते हुए अवैध खनिज का निर्गमन किया

Google source verification

भीलवाड़ा. खनिज विभाग ने आठ दिन में 4755 रवन्ना काटने के मामले में खान मालिक को नोटिस जारी किया है। साथ ही विभाग ने भी माना है कि खनन पट्टा क्षेत्र में काफी समय से खनन कार्य बन्द है। लेकिन कार्यालय रेकार्ड अनुसार 22 मार्च से रवन्ना का दुरुपयोग करते हुए खनिज का अवैध निर्गमन करना पाया गया है।

 

राजस्थान पत्रिका में शुक्रवार के अंक में बंद खदान में घालमेल: आठ दिन में कटे 4755 रवन्ना, 52 वाहनों से ले गए 1.18 लाख मीट्रिक टन पत्थर शीर्षक से प्रकाशित समाचार को अधिकारियों ने गंभीरता से लिया तथा अधिकारियों में भी हड़कम्प मचा रहा। खनिज अभियन्ता जिनेश हुमड़ ने खान मालिक राजवीर सिंह पुत्र गोपाल सिंह नरूका को नोटिस करते हुए बताया कि विभाग के तकनीकी कार्मिक की ओर से खनन पट्टा क्षेत्र का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के अनुसार खनन पट्टा क्षेत्र में काफी समय से खनन कार्य बन्द होना पाया गया। लेकिन कार्यालय के ऑनलाइन रेकार्ड अनुसार 22 मार्च से 29 मार्च तक 4755 रवन्ना का दुरूपयोग करते हुए खनिज का अवैध रूप से निर्गमन करना पाया गया। साथ ही रवन्ना का दुरुपयोग कर चुनाई पत्थर का निर्गमन करना राजस्थान अप्रधान खनिज रियायत नियमावली 2017 के नियम 28 व 54 का उल्लंघन है।
हुमड़ ने इस चेतावनी पत्र के माध्यम से राजवीर को सूचित किया कि नोटिस के 30 से 45 दिन में इसका जवाब दें अन्यथा नियमानुसार कार्रवाई करते हुए राजस्थान अप्रधान खनिज रियायत नियमावली 2017 के नियम के अनुसार स्थिर भाटक या प्रतिभूति राशि को जब्त करते हुए खनन् पट्टे को खण्डित किए जाने की कार्रवाई की जाएगी।

एक वाहन के कई चक्कर
बंद खदान से जारी रवन्ना 52 वाहनों का कटा था। इनमें 38 भीलवाड़ा में तो 3 शाहपुरा में पंजीकृत है। चित्तौड़गढ़ के 7, कोटा व बारां के 2-2 वाहनों के रवन्ना कटे हैं। एक दिन में एक ही नंबर के एक वाहन ने तो कई बार चक्कर लगाए व पत्थर ले गया। विभाग ने रॉयल्टी ठेकेदार से भी 22 से 29 मार्च तक जारी रवन्ना के आधार पर रॉयल्टी की रसीद कांटी या नहीं इसकी जानकारी मांगी है।
भरने व खाली करने में भी लगता है समय

अधिकारी मानते हैं कि रवन्ना जारी करने में ऑनलाइन सिस्टम का दुरुपयोग किया गया। एक दिन में औसतन 600 रवन्ना किसी खदान से जारी करना संभव नहीं है। किसी भी वाहन को भरने में एक घंटा तथा खाली करने में भी समय लगता है। हालांकि रवन्ना समोड़ी स्थित ही जय अम्बे क्रेसर के नाम से जारी करना बताया है। इसमें खनिज विभाग की मिलीभगत से इनकार नहीं किया जा सकता।