bageshwar dham : मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले में स्थिति बागेश्वर धाम इन दिनों सुर्खियों में है। यहां के आचार्य पंडित धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री हैं। वो देशभर में बागेश्वर धाम सरकार के नाम से जाने जाते हैं।
बागश्वेर धाम में पंडित धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री अपना दिव्य दरबार लगाते हैं। दरबार में आपको अर्जी लगानी पड़ती है। ऐसी मान्यता है कि जब भी कोई श्रद्धालु इस मंदिर में आकर अपनी समस्या को लेकर अर्जी लगाता है उसकी मनोकामना पूरी होती है।
कैसे लगती है अर्जी
बागेश्वर धाम में अर्जी लगाने की एक प्रक्रिया है। बागेश्वर धाम की इंटरनेट वेबसाइट की सूचना के हिसाब से जिसको भी बागेश्वर धाम में अपनी अर्जी लगवानी है उसे धाम पर आकर रंगीन कपड़े में एक नारियल बांध कर धाम परिसर में रखना होता है। नारियल को बांधने वाले कपड़े के तीन रंग हो सकते है। आप लाल, पीले और काले कपड़े में नारियल को बांध सकते है। इन रंगो के अपने मायने है। अगर आपकी अर्जी सामान्य है तो लाल कपड़े में नारियल बांधे, अगर शादी-विवाह से जुड़ी अर्जी है तो नारियल को पीले कपड़े में बांधे और अगर अर्जी प्रेत बाधा से जुड़ी है तो नारियल को काले कपड़े में बांधे।
जिस भक्त ने बागेश्वर धाम में अपनी अर्जी लगाई है उसकी अर्जी स्वीकार हुई या नहीं इसकी जानकारी सपने से मिलती है। ऐसा कहा जाता है कि अर्जी लगाने वाले की अर्जी अगर बालाजी स्वीकार करते हैं तो सपने में उसे या उसके परिवार के किसी सदस्य को बंदर दिखाई देता है। सपने में बंदर दिखने का अर्थ होता है कि आपकी अर्जी बागेश्वर धाम में लग गई है।
घर बैठे भी लगा सकते हैं अर्जी
अगर आप बागेश्वर धाम नहीं आ सकते हैं तो बागेश्वर बाबा सरकार ने अपनी कथाओं में उपाय सुझाया हैं। उन्होंने बताया है कि अगर आप धाम आकर ऐसा नहीं कर सकते तो अपने घर में स्थित पूजा स्थल पर आप ऐसा कर सकते हैं। बागेश्वर बालाजी महाराज अर्जी को अवश्य सुनेंगे।