24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बड़ी खुशखबरी: स्कूलों में 2 लाख से ज्यादा टीचर्स को मिलेगी नौकरी, 18 हजार से ज्यादा को दिए गए नियुक्ति पत्र

स्कूल शिक्षा विभाग में 2750 और ट्राइबल में 1325 पदों पर भर्ती की जाना है....

2 min read
Google source verification
government-school-1575085370-878265-1598483524.jpg

teachers

भोपाल। माध्यमिक और उच्च माध्यमिक की परीक्षा में पात्र हुए दो लाख उनसठ हजार अभ्यर्थियों के लिए यह खबर खुशी देने वाली है। यह अभ्यर्थी अब 2024 तक भर्ती के लिए पात्र होंगे। दो साल से चल ही भर्ती प्रकिया के तहत अब तक 18 हजार से अधिक को नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं। प्रक्रिया अभी जारी है। उच्च माध्यमिक शिक्षकों के दस्तावेजों का सत्यापन शुक्रवार से शुरू किया गया है, वहीं माध्यमिक शिक्षकों के दस्तावेजों का सत्यापन 21 नवंबर से होगा। शासन ने दूसरे राउंड में स्कूल शिक्षा विभाग एवं ट्राइबल द्वारा उच्च माध्यमिक शिक्षक भर्ती के लिए 4075 पदों की घोषणा की है। इसमें स्कूल शिक्षा विभाग में 2750 और ट्राइबल में 1325 पदों पर भर्ती की जाना है।

भर्ती प्रक्रिया के साथ ही गड़बड़ी के आरोप भी लग रहे हैं। पिछले दिनों अभ्यर्थियों ने प्रदर्शन कर पदों और परीक्षा की वैधता अवधि बढ़ाने की मांग की थी। अभ्यर्थियों की मांग को देखते हुए जनजातीय कार्य विभाग ने शिक्षक पात्रता परीक्षा- 2018 की वैधता बढ़ा दी इै। यानी पात्रता परीक्षा की वैधता उसके रिजल्ट जारी होने की तारीख से 5 साल तक रहेगी। इस बदलाव के बाद उच्च माध्यमिक पात्रता परीक्षा की वैधता अगस्त 2024 तक और माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा की वैधता अक्टूबर 2024 तक रहेगी।

उच्च माध्यमिक के अभ्यर्थी 18 तक दर्ज करा सकते हैं आपत्ति

माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षक भर्ती मामले में जनजातीय कार्य विभाग ने 18 नवंबर तक आपत्तियां मांगी हैं। विभाग ने 7 नवंबर को नियुक्ति आदेश जारी किए थे। जिसमें अभ्यर्थियों ने गड़बड़ी के आरोप लगाए हैं। अभ्यर्थियों का आरोप है कि स्थाई शिक्षक भर्ती के अंतर्गत जनजाति कार्य विभाग द्वारा 21 अक्टूबर 2022 को उच्च माध्यमिक शिक्षकों की द्वितीय चयन सूची जारी की गई थी, जिसमें दस्तावेज सत्यापन के बाद चयन सूची में सम्मिलित सभी अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र भी जारी कर दिए गए थे उसके बाद 7 नवंबर 2022 को विभाग द्वारा पुन संशोधित चयन सूची जारी की गई जिसमें से कई चयनित शिक्षकों के नाम हटा दिए गए थे।