गणेश पूजन महोत्सव की पूर्णाहुति पर दस दिनों तक घरों व गली-मोहल्लों में पूजित की गई गणेश प्रतिमाओं का सरोवरों के जल में विधि विधानपूर्वक विसर्जन किया जाएगा। श्रद्धालु श्रद्धा और भक्ति से सरोबार होकर अबीर, गुलाल लगाकर डांडिया नृत्य करते हुए नाचते-गाते सरोवरों के पास पहुंचेंगे। इससे पहले महोत्सव स्थलों पर भगवान गणेश का पूजन, महाआरती और हवन में आहूतियां दी जाएगी।