
बीकानेर . दीपावली के दूसरे दिन यानी कार्तिक मास की शुक्ल प्रतिपदा को गोवर्धन पूजा की गयी। जिसमे सुबह महिलाओं ने अपने घर के आगे गोवर्धन की पूजा की। वही शहर के वैष्णव मंदिरों में अन्नकूट पूजा की जाएगी। मान्यता के अनुसार जब भगवान् कृष्ण ने इन्द्र का मान भंग किया था तो उसके बाद बृजवासियों ने ठाकुर जी को चावल सहित अन्य खाद्य सामग्री को पर्वत का आकार बनाया और कई प्रकार की मिठाईयां, नमकीन व अन्य खाद्य सामग्री का भोग ठाकुर जी के लगाया गया था इसके बाद से ही वैष्णव मंदिरों में दीपावली के दूसरे दिन अन्नकूट की परम्परा शुरू हो गयी।