1 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Rajasthan: 42 शिक्षा अधिकारियों के खिलाफ विभाग की सख्त कार्रवाई, चयन निरस्त करके जारी किए ये आदेश

राजस्थान शिक्षा विभाग ने समय पर कार्यग्रहण नहीं करने वाले 42 शिक्षा अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है।

2 min read
Google source verification
Order-For-Education-Officers-

फोटो: पत्रिका

42 Education Officers Selection Cancelled: डाइट (जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान) में निर्धारित समय सीमा तक कार्यग्रहण नहीं करने वाले प्रदेश के 42 शिक्षा अधिकारियों का चयन शिक्षा विभाग ने निरस्त कर दिया है। विभाग ने इन अधिकारियों को अपने-अपने मूल पदस्थापन स्थल पर वापस कार्यग्रहण करने के निर्देश जारी किए हैं।

दरअसल, शिक्षा विभाग ने प्रदेशभर के डाइट में शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यों को सुचारू बनाने के लिए व्याख्याताओं, उप-प्राचार्यों एवं प्राचार्यों का चयन कर पदस्थापन किया था। इस प्रक्रिया के तहत ढाई सौ से अधिक शिक्षा अधिकारियों को स्कूलों से हटाकर डाइट में लगाया गया था।

चयनित अधिकारियों को 12 दिसंबर तक संबंधित डाइट में कार्यग्रहण करने की समय सीमा दी गई थी। इस अवधि में अधिकांश अधिकारियों ने पदभार ग्रहण कर लिया, लेकिन 42 अधिकारियों ने डाइट में कार्यग्रहण नहीं किया।

विभाग ने समय सीमा की अवहेलना को गंभीरता से लेते हुए इन अधिकारियों का चयन निरस्त करने का निर्णय लिया। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि किसी अधिकारी को कार्यमुक्त किए जाने के बाद भी उसने डाइट में ज्वाइन नहीं किया है, तो संबंधित संस्था प्रधान उन्हें पुनः उनके पूर्व के मूल पदस्थापन स्थल पर कार्यग्रहण कराएंगे।

अनुपस्थित विभागों के अधिकारियों को मिलेंगे नोटिस

राजस्थान संपर्क पोर्टल की मासिक समीक्षा बैठक शुक्रवार को अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) सुरेश कुमार यादव की अध्यक्षता में सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग के सभागार में आयोजित की गई। इस दौरान प्रकरणों की विभागवार समीक्षा हुई और बैठक में अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।

यादव ने बताया को पशुपालन, श्रम, बाल अधिकारिता सहित कई विभागों के अधिकारी अनुपस्थित रहे। सहायक अभियंता पुलकित शर्मा के स्तर से 12 परिवादों का निस्तारण निर्धारित अवधि में नहीं किए जाने के कारण परिवाद स्वतः उच्च स्तर पर अग्रेषित हो गया। इसे गंभीरता से लेते हुए शर्मा के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। सहायक निदेशक (लोक सेवाएं) मुकेश कुमार मीणा ने बताया कि निस्तारण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को शीघ्र ही जिला कलक्टर की ओर से आरोप पत्र दिए जाएंगे।