
46 वर्षों से अपने मालिकों का इंतजार कर रही करोड़ों की संपत्ती
बिलासपुर. जिले के 20 थानों के मालखानों में जब्त करोड़ों की संपत्ति पुलिस के लिए सिरदर्द बन गई है। अमानत की संपत्ति को उनके मालिकों तक पहुंचने पुलिस ने माथापच्ची शुरू कर दी है। सन १९७२ से थानों के मालखानों में पड़ी संपत्ति को उनके वारिसों को वापस देने की तैयारी शुरू हो गई है। संपत्ति के मामलों को कोर्ट से सुपुर्दनामा आदेश कराने के बाद संपत्ति ले जाने की जानकारी दी जा रही है। जिले में २० थाने एेसे हैं जहां मालखानों में करोड़ों की अमानत की संपत्ति जमा हैं। मालखानों में सन १९७२ से वर्ष २०१८ के बीच ४६ वर्षों में पुलिस ने करोड़ों की संपत्ति अपराधियों से जब्त की है। संपत्ति में चोरी, डकै ती, लूट , धोखाधड़ी के प्रकरण शामिल हैं। इन मामलों में पुलिस माल जब्त करने के बाद मालखानों में जमा कर दिया था। मालखानों में जब्त संपत्ति अब पुलिस के लिए सिरदर्द बन गई हैं। पुलिस ने मालखाने में अमानत की राशि वापस करने के लिए अभियान शुरू किया है, जिसमें मालखानों में जमा की गई संपत्ति के प्रकरणों की जानकारी निकलने के बाद संपत्ति के वारिसों से संपर्क किया जा रहा है।
कई वारिसों की हो चुकी है मौत
थानों में एेसे भी आपराधिक प्रकरणों में जब्त की गई अमानत की संपत्ति हैं जिनके वारिसों की कई साल पहले मौत हो चुकी है। एेसे मामले में पुलिस विशेष एहतियात बरत रही है।
बच सकते 10 करोड़ रुपए
जिले के २० थानों के मालखानों में अमानत की संपत्ति की जांच करने के बाद चौकाने वाले खुलासे सामने आए हैं, करीब १० करोड़ के जेवर और अन्य संपत्तियों के वारिसों की या तो मौत हो चुकी है या संपत्ति का वारिस ही नहीं है। एेसे मामलों की संपत्ति फिर से माल खाले में जमा हो जाएंगी।
--- थानों के मालखानों में जब्त संपत्ति को उनके मालिकों को दिलाने के लिए थाना स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है। वासियों को प्रकरणों और संपत्ति की जानकारी दी जा रही है। साथ ही उन्हें कोर्ट से सुपुर्दनामा आदेश लेने की प्रक्रिया की भी जानकारी दी जा रही है। जिन प्रकरणों में संपत्ति के वारिस नहीं हैं उनमें विधिवत कार्रवाई की जाएगी।
विजय अग्रवाल, एएसपी
Published on:
10 Dec 2018 04:41 pm

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