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अंतरराष्ट्रीय ब्रेल दिवस : दृष्टि बाधितों के लिए रोशनी से कम नहीं…

International Braille Day: दृष्टि बाधितों के लिए ब्रेल लिपि किसी वरदान से कम नहीं है। इसके माध्यम से ही वे शिक्षित होकर समाज की मुख्यधारा से जुड़ते हुए उच्च पदों पर काबिज हो रहे हैं। इन्हें राह दिखा रहा राज्य का इकलौता तिफरा स्थित ब्रेल प्रेस। किताबों, साहित्यों के माध्यम से राज्य के करीब 25 हजार दृष्टि बाधितों को ज्ञान की रोशनी से आलोकित कर रहा है।

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अंतरराष्ट्रीय ब्रेल दिवस

ब्रेल लिपि

International Braille Day: दृष्टि बाधितों के लिए ब्रेल लिपि किसी वरदान से कम नहीं है। इसके माध्यम से ही वे शिक्षित होकर समाज की मुख्यधारा से जुड़ते हुए उच्च पदों पर काबिज हो रहे हैं। इन्हें राह दिखा रहा राज्य का इकलौता तिफरा स्थित ब्रेल प्रेस। किताबों, साहित्यों के माध्यम से राज्य के करीब 25 हजार दृष्टि बाधितों को ज्ञान की रोशनी से आलोकित कर रहा है। लुई ब्रेल ने, ब्रेल लिपि का आविष्कार कर मानों दृष्टि बाधितों को ज्ञान की रोशनी दे दी है। इस लिपि के माध्यम से ही वे स्वयं को शिक्षित कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ कर आगे बढ़ रहे हैं।

शहर में शासकीय स्तर पर तिफरा (Braille Press Bilaspur) में दृष्टि बाधित एवं मूक-बधिर शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय है, जहां वर्तमान में कारीब 150 दृष्टि बाधित छात्र अध्ययनरत हैं। इसके अलावा 27 खोली में एक निजी विद्यालय भी है। यहां(Braille Press Bilaspur) छात्र ब्रेल लिपि के माध्यम से ही अध्ययनरत हैं। इसके अलावा शहर में ही राज्य का इकलौता ब्रेल प्रेस है। जहां ब्रेल लिपि में पाठपुस्तकों की छपाई के साथ ही रामायण, गीता, वेद-पुराण समेत साहित्यों की किताबें भी छप रही हैं।

वर्ष 2014 में प्रेस का आधुनिकीकरण और कॅम्प्यूटराइजेशन हुआ। यहां दृष्टिबाधित विद्यार्थियों के लिए पहली से बारहवीं तक पाठ्य पुस्तक और ज्ञानवर्धक पुस्तकें मुद्रित कर शासकीय और अशासकीय संस्थाओं को प्रदान की जाती हैं। लोकसभा और विधानसभा निर्वाचन में निर्वाचन आयोग के निर्देश पर ब्रेल प्रेस बिलासपुर ने दृष्टिबाधित नि:शक्तजनों के लिए डमी मतपत्र छाप, इवीएम मशीन में पहचान के लिए ब्रेेल स्टीकर, इपिक कार्ड तैयार कर प्रदान किए हैं।

इसके साथ ही यहां दृष्टिबाधित दिव्यांगों के लिए राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय किताबों के अलावा नि:शक्तजन अधिकार अधिनियम-2016, एक्यूप्रेशर चिकित्सा, स्वच्छता एक अहसास, पंचतंत्र की कहानियां, जातक कहानियां, हितोपदेश, आरती संग्रह, हिन्दी और अंग्रेजी की पठन सामग्री की छपाई की जा रही है। यहां से प्रकाशित किताबें छत्तीसगढ़ के अतिरिक्त दूसरे राज्यों को भी सप्लाई की जाती हैं।

देश भर में तिफरा प्रेस सर्वश्रेष्ठ, मिल चुका है सम्मान
वर्ष 1985 में तिफरा में ब्रेल प्रेस(Braille Press Bilaspur) की स्थापना की गई। यहां से छपाई की गईं पुस्तकों का वितरण पूरे देश में किया जाता है। भारत सरकार का सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से वर्ष 2021 में बिलासपुर ब्रेल प्रेस को सर्वश्रेष्ठ प्रेस घोषित किया गया।

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ई-लाइब्रेरी भी
ब्रेल प्रेस बिलासपुर(Braille Press Bilaspur) छत्तीसगढ़ की पहली संस्था है, जिसमें सुगम पुस्तकालय अंतर्गत ई-पुस्तकालय में पंजीयन कराया है। दृष्टिबाधित व्यक्ति प्रेस के ई-पुस्तकालय में नि:शुल्क सदस्यता प्राप्त कर सकते हैं। ई-पुस्तकालय में 18 हजार से अधिक पुस्तकें उपलब्ध हैं, जिन्हें सडाउनलोड भी कर सकते है। ब्रेल प्रेस बिलासपुर (Braille Press Bilaspur) ने सामान्य ज्ञान और 9वीं से 12वीं तक की पुस्तकों को ई-पुस्तकालय में अपलोड किया है।

आरके पाठक, उप नियंत्रक ब्रेल प्रेस ने कहा, ब्रेल लिपि दृष्टि बाधितों के लिए वरदान साबित हो रही है। यही वह माध्यम है, जिसके सहारे वे स्वयं को शिक्षित कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं। साथ ही अपनी योग्यता के माध्यम से उच्च पदों पर काबिज हो रहे हैं।